Wednesday, May 20, 2026
BREAKING
अमेरिका-ईरान तनाव चरम पर: ट्रंप ने दिए नए हमले के संकेत, ईरान ने ‘नए मोर्चे’ खोलने की चेतावनी दी पीएम मोदी का रोम आगमन: इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी से होगी अहम मुलाकात, वैश्विक साझेदारी पर फोकस अस्पतालों, स्कूलों और कॉलेज परिसरों में आवारा कुत्तों की अनुमति क्यों नहीं? सुप्रीम कोर्ट ने दिया अहम जवाब केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री श्री जगत प्रकाश नड्डा ने जिनेवा में 79वीं विश्व स्वास्थ्य सभा को संबोधित किया केंद्रीय मंत्री श्री प्रतापराव जाधव ने आयुष ग्रिड पहल के तहत आयुष अनुदान पोर्टल लॉन्च किया आयुष मंत्रालय ने लू और अत्यधिक गर्मी की स्थिति को देखते हुए जन स्वास्थ्य संबंधी सलाह जारी की भारतीय चिकित्सा एवं होम्योपैथी भेषजसंहिता आयोग (पीसीआईएमएंडएच) द्वारा आयुर्वेद, सिद्ध, यूनानी एवं होम्योपैथी (एएसयू एंड एच) औषधि नियामकों और हितधारकों के लिए 5-दिवसीय क्षमता निर्माण प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन Horoscope Today: दैनिक राशिफल 21 मई, 2026 मोदी की स्वीडन यात्रा के बाद रणनीतिक साझेदारी: भारत को क्या मिला? एस-व्यासा द्वारा अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2026 के 100-दिवसीय काउंटडाउन श्रृंखला के अंतर्गत योग कार्यक्रम का आयोजन

हेल्थ

भारतीय चिकित्सा एवं होम्योपैथी भेषजसंहिता आयोग (पीसीआईएमएंडएच) द्वारा आयुर्वेद, सिद्ध, यूनानी एवं होम्योपैथी (एएसयू एंड एच) औषधि नियामकों और हितधारकों के लिए 5-दिवसीय क्षमता निर्माण प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन

May 20, 2026 09:48 AM

प्रशिक्षण कार्यक्रम एएसयू एंड एच क्षेत्र में गुणवत्ता मानकों, नियामक ज्ञान और तकनीकी क्षमताओं को सुदृढ़ करने पर ध्‍यान केंद्रित करता है

प्रविष्टि तिथि: 18 MAY 2026 8:59PM by PIB Delhi
 

भारतीय चिकित्सा एवं होम्योपैथी भेषज संहिता आयोग (पीसीआईएमएंडएच), आयुष मंत्रालय द्वारा 18 से 22 मई 2026 तक पाँच दिवसीय क्षमता निर्माण प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। यह कार्यक्रम आयुर्वेद, सिद्ध, यूनानी एवं होम्योपैथी (एएसयू एंड एच) औषधियों के क्षेत्र में कार्यरत औषधि नियामकों, प्रवर्तन अधिकारियों, गुणवत्ता नियंत्रण कर्मियों, तकनीकी विशेषज्ञों, संकाय सदस्यों, सरकारी विश्लेषकों, शोधकर्ताओं एवं वैज्ञानिकों के लिए आयोजित किया जा रहा है।

इस कार्यक्रम का उद्देश्य एएसयू एंड एच औषधि विकास से जुड़े नियामक, शैक्षणिक, गुणवत्ता नियंत्रण एवं विनिर्माण क्षेत्रों के हितधारकों के ज्ञान, तकनीकी कौशल और व्यावसायिक क्षमताओं को सुदृढ़ करना है।

कार्यक्रम के उद्घाटन सत्र में स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय की मुख्य लेखा नियंत्रक, सुश्री जसपाल कौर प्रद्योत ने मुख्य अतिथि के रूप में गरिमामयी उपस्थिति दर्ज की। अपने संबोधन में उन्होंने एएसयू एंड एच औषधियों के लिए गुणवत्ता मानकों के विकास में आधुनिक उपकरणों एवं उन्नत वैज्ञानिक तकनीकों को अपनाने के माध्यम से पीसीआईएमएंडएच के महत्वपूर्ण योगदान की सराहना की। उन्होंने आयुष चिकित्सा पद्धतियों की समृद्ध विरासत तथा उनकी बढ़ती वैश्विक स्वीकार्यता और लोकप्रियता पर भी बल दिया।

आयुष मंत्रालय के राष्ट्रीय औषधीय पादप बोर्ड के निदेशक (तकनीकी) एवं उप मुख्य कार्यकारी अधिकारी डॉ. अब्दुल कयूम ने कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में सहभागिता की। उन्होंने पीसीआईएमएंडएच द्वारा विकसित फार्माकोपिया एवं फॉर्मुलरी की अंतरराष्ट्रीय मान्यता पर बल दिया तथा एएसयू एंड एच चिकित्सा पद्धतियों की बढ़ती वैश्विक मांग और स्वीकार्यता का उल्लेख किया।

निदेशक, पीसीआईएमएंडएच, डॉ. रमन मोहन सिंह ने अतिथियों एवं प्रतिभागियों का स्वागत करते हुए संगठन का परिचय प्रस्तुत किया तथा एएसयू एंड एच औषधियों के मानकीकरण एवं गुणवत्ता नियंत्रण के क्षेत्र में इसकी प्रमुख गतिविधियों पर प्रकाश डाला।

पाँच दिवसीय कार्यक्रम के दौरान, प्रतिभागियों को विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों पर विशेषज्ञों द्वारा व्याख्यान प्रदान किए जाएंगे। इनमें एनएबीएल मान्यता एवं गुणवत्ता प्रबंधन प्रणाली (क्यूएमएस), गुड मैन्युफैक्चरिंग प्रैक्टिसेज़ (जीएमपी), एएसयू एंड एच औषधियों का फार्माकोग्नॉस्टिक, भौतिक-रासायनिक, फाइटोकेमिकल, सूक्ष्मजीवविज्ञानी एवं औषधीय मूल्यांकन, हर्बल औषधियों का मानकीकरण एवं गुणवत्ता नियंत्रण, एएसयू एंड एच औषधियों के नियामक एवं फार्माकोपियाल पहलू, तथा एएसयू एंड एच औषधियों की शेल्फ-लाइफ संबंधी अध्ययन शामिल हैं।

प्रतिभागियों को पीसीआईएमएंडएच में प्रयोगशाला आधारित व्यावहारिक प्रशिक्षण भी प्रदान किया जाएगा तथा उन्हें प्रमुख एएसयू एंड एच औषधि निर्माण इकाइयों का भ्रमण कराया जाएगा। इनमें डॉ. विलमार श्वाबे इंडिया प्राइवेट लिमिटेड, नोएडा तथा हमदर्द लैबोरेटरीज इंडिया, गाजियाबाद शामिल हैं। इन भ्रमणों का उद्देश्य प्रतिभागियों को उद्योग में अपनाई जा रही आधुनिक तकनीकों, विनिर्माण प्रक्रियाओं एवं गुणवत्ता आश्वासन प्रणालियों का व्यावहारिक अनुभव प्रदान करना है।

इस कार्यक्रम में देशभर से 28 प्रतिभागियों ने भाग लिया है, जो विभिन्न संस्थानों एवं संगठनों का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। इनमें राज्य औषधि नियंत्रक, औषधि निरीक्षक, प्रोफेसर, संकाय सदस्य, अनुसंधान अधिकारी, आयुष मान्यता प्राप्त औषधि परीक्षण प्रयोगशालाएँ, राष्ट्रीय संस्थान एवं अनुसंधान केंद्र जैसे राष्ट्रीय सिद्ध संस्थान, चेन्‍नई; सिद्ध केंद्रीय अनुसंधान संस्थान, चेन्‍नई; केंद्रीय औषधि प्रयोगशाला, कोलकाता; क्षेत्रीय आयुर्वेद अनुसंधान संस्थान (सीसीआरएएस), जम्मू और झांसी; तथा एएसयू एंड एच औषधि निर्माण इकाइयाँ शामिल हैं।

यह क्षमता निर्माण प्रशिक्षण कार्यक्रम एएसयू एंड एच क्षेत्र में व्यावसायिक उत्कृष्टता को बढ़ावा देने तथा गुणवत्ता मानकों को सुदृढ़ करने हेतु पीसीआईएमएंडएच द्वारा की गई एक महत्वपूर्ण पहल है। हितधारकों को अद्यतन तकनीकी ज्ञान और व्यावहारिक विशेषज्ञता से लैस करके यह कार्यक्रम पारंपरिक चिकित्सा प्रणालियों के वैश्विक नियमन, मानकीकरण और विकास में भारत के नेतृत्व को और अधिक मजबूत करने का लक्ष्य रखता है।

***

Have something to say? Post your comment

और हेल्थ समाचार

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री श्री जगत प्रकाश नड्डा ने जिनेवा में 79वीं विश्व स्वास्थ्य सभा को संबोधित किया

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री श्री जगत प्रकाश नड्डा ने जिनेवा में 79वीं विश्व स्वास्थ्य सभा को संबोधित किया

केंद्रीय मंत्री श्री प्रतापराव जाधव ने आयुष ग्रिड पहल के तहत आयुष अनुदान पोर्टल लॉन्च किया

केंद्रीय मंत्री श्री प्रतापराव जाधव ने आयुष ग्रिड पहल के तहत आयुष अनुदान पोर्टल लॉन्च किया

आयुष मंत्रालय ने लू और अत्यधिक गर्मी की स्थिति को देखते हुए जन स्वास्थ्य संबंधी सलाह जारी की

आयुष मंत्रालय ने लू और अत्यधिक गर्मी की स्थिति को देखते हुए जन स्वास्थ्य संबंधी सलाह जारी की

एस-व्यासा द्वारा अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2026 के 100-दिवसीय काउंटडाउन श्रृंखला के अंतर्गत योग कार्यक्रम का आयोजन

एस-व्यासा द्वारा अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2026 के 100-दिवसीय काउंटडाउन श्रृंखला के अंतर्गत योग कार्यक्रम का आयोजन

विज्ञान, प्रौद्योगिकी एवं पृथ्वी विज्ञान केंद्रीय राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री जितेंद्र सिंह ने केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव श्रीमती पुण्या सलीला श्रीवास्तव की उपस्थिति में केरल के तिरुवनंतपुरम स्थित श्री चित्रा तिरुनल चिकित्सा विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी संस्थान (एससीटीआईएमएसटी) के 42वें बैच के वार्षिक दीक्षांत समारोह को वर्चुअल माध्यम से संबोधित किया

विज्ञान, प्रौद्योगिकी एवं पृथ्वी विज्ञान केंद्रीय राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री जितेंद्र सिंह ने केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव श्रीमती पुण्या सलीला श्रीवास्तव की उपस्थिति में केरल के तिरुवनंतपुरम स्थित श्री चित्रा तिरुनल चिकित्सा विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी संस्थान (एससीटीआईएमएसटी) के 42वें बैच के वार्षिक दीक्षांत समारोह को वर्चुअल माध्यम से संबोधित किया

इंडियन फार्माकोपिया कमीशन ने तेलंगाना के हैदराबाद में नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ फार्मास्यूटिकल एजुकेशन एंड रिसर्च (एनआईपीईआर) में 'इंडियन फार्माकोपिया 2026' पर एक वैज्ञानिक सम्मेलन और इंटरैक्टिव सत्र का आयोजन किया

इंडियन फार्माकोपिया कमीशन ने तेलंगाना के हैदराबाद में नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ फार्मास्यूटिकल एजुकेशन एंड रिसर्च (एनआईपीईआर) में 'इंडियन फार्माकोपिया 2026' पर एक वैज्ञानिक सम्मेलन और इंटरैक्टिव सत्र का आयोजन किया

भारत के उपराष्ट्रपति श्री सी.पी. राधाकृष्णन ने अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान, नई दिल्ली के 51वें वार्षिक दीक्षांत समारोह को संबोधित किया

भारत के उपराष्ट्रपति श्री सी.पी. राधाकृष्णन ने अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान, नई दिल्ली के 51वें वार्षिक दीक्षांत समारोह को संबोधित किया

भारतीय फार्माकोपिया आयोग ने पूरे देश में दवाओं की सुरक्षा को मज़बूत करने और दवाओं के सही इस्तेमाल को बढ़ावा देने के लिए बिहार, महाराष्ट्र और मिज़ोरम की राज्य फार्मेसी परिषदों के साथ समझौता ज्ञापनों पर हस्ताक्षर किए

भारतीय फार्माकोपिया आयोग ने पूरे देश में दवाओं की सुरक्षा को मज़बूत करने और दवाओं के सही इस्तेमाल को बढ़ावा देने के लिए बिहार, महाराष्ट्र और मिज़ोरम की राज्य फार्मेसी परिषदों के साथ समझौता ज्ञापनों पर हस्ताक्षर किए

राष्ट्रपति ने राष्ट्रपति भवन में हुए समारोह में 15 पुरस्कृत व्यक्तियों को राष्ट्रीय फ्लोरेंस नाइटिंगेल पुरस्कार 2026 प्रदान किए

राष्ट्रपति ने राष्ट्रपति भवन में हुए समारोह में 15 पुरस्कृत व्यक्तियों को राष्ट्रीय फ्लोरेंस नाइटिंगेल पुरस्कार 2026 प्रदान किए

कृषि, पोषण और स्वास्थ्य के मेल को मजबूत बनाने तथा मापनीय लोक स्वास्थ्य परिणाम प्रदान करने के लिए आईसीएमआर और आईसीएआर ने मिल कर शुरू किया ‘सेहत’ कार्यक्रम

कृषि, पोषण और स्वास्थ्य के मेल को मजबूत बनाने तथा मापनीय लोक स्वास्थ्य परिणाम प्रदान करने के लिए आईसीएमआर और आईसीएआर ने मिल कर शुरू किया ‘सेहत’ कार्यक्रम

By using our site, you agree to our Terms & Conditions and Disclaimer     Dismiss