Thursday, March 26, 2026
BREAKING
Weather: गुजरात में बाढ़ से हाहाकार, अब तक 30 लोगों की मौत; दिल्ली-एनसीआर में भारी बारिश की चेतावनी जारी दैनिक राशिफल 13 अगस्त, 2024 Hindenburg Research Report: विनोद अदाणी की तरह सेबी चीफ माधबी और उनके पति धवल बुच ने विदेशी फंड में पैसा लगाया Hindus in Bangladesh: मर जाएंगे, बांग्लादेश नहीं छोड़ेंगे... ढाका में हजारों हिंदुओं ने किया प्रदर्शन, हमलों के खिलाफ उठाई आवाज, रखी चार मांग Russia v/s Ukraine: पहली बार रूसी क्षेत्र में घुसी यूक्रेनी सेना!, क्रेमलिन में हाहाकार; दोनों पक्षों में हो रहा भीषण युद्ध Bangladesh Government Crisis:बांग्लादेश में शेख हसीना का तख्तापलट, सेना की कार्रवाई में 56 की मौत; पूरे देश में अराजकता का माहौल, शेख हसीना के लिए NSA डोभाल ने बनाया एग्जिट प्लान, बौखलाया पाकिस्तान! तीज त्यौहार हमारी सांस्कृतिक विरासत, इन्हें रखें सहेज कर- मुख्यमंत्री Himachal Weather: श्रीखंड में फटा बादल, यात्रा पर गए 300 लोग फंसे, प्रदेश में 114 सड़कें बंद, मौसम विभाग ने 7 अगस्त को भारी बारिश का जारी किया अलर्ट Shimla Flood: एक ही परिवार के 16 सदस्य लापता,Kedarnath Dham: दो शव मिले, 700 से अधिक यात्री केदारनाथ में फंसे Supreme Court: सुप्रीम कोर्ट ने एससी एसटी की सब-कैटेगरी में आरक्षण को दी मंज़ूरी

हेल्थ

कैंसर स्क्रीनिंग में एआई के प्रयोग के लिए उठाए गए कदम

March 25, 2026 12:00 PM

भारत एआई मिशन के तहत एआई-आधारित स्क्रीनिंग, निदान और कैंसर देखभाल समाधानों को बढ़ावा देने के लिए कैंसर एआई और प्रौद्योगिकी चुनौती (सीएटीसीएच) अनुदान कार्यक्रम का अनावरण

भारतीय स्वास्थ्य सेवा में क्रांति लाने के मकसद से मंत्रालय ने भारत एआई शिखर सम्मेलन में नैतिक एआई मार्गदर्शन के लिए एसएएचआई और स्वास्थ्य एआई बेंचमार्किंग के लिए बीओडीएच का शुभारंभ किया

आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन एक सैंडबॉक्स वातावरण और एकीकरण टूलकिट प्रदान करता है, जिससे स्वास्थ्य प्रौद्योगिकी डेवलपर्स एआई स्क्रीनिंग टूल समेत अपने अनुप्रयोगों/सॉफ्टवेयर को एकीकृत कर सकते हैं

एनपीएनसीडी के तहत राष्ट्रीय एनसीडी पोर्टल, एबीएचए एकीकरण के साथ कैंसर और सामान्य एनसीडी के लिए डिजिटल स्क्रीनिंग रेफरल और देखभाल निरंतरता को सक्षम बनाता है
 

इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (एमईआईटीवाई) के नेतृत्व में शुरू की गई इंडिया एआई मिशन के तत्वावधान में, नेशनल कैंसर ग्रिड (एनसीजी) के सहयोग से कैंसर एआई एंड टेक्नोलॉजी चैलेंज (सीएटीसीएच) अनुदान कार्यक्रम शुरू किया गया है। यह कार्यक्रम कैंसर देखभाल के सभी चरणों में एआई-आधारित समाधानों के विकास, पायलट परीक्षण और सत्यापन के लिए नैदानिक संस्थानों और प्रौद्योगिकी नवप्रवर्तकों से सहयोगात्मक प्रस्ताव आमंत्रित करता है, जिसमें एआई-सक्षम स्क्रीनिंग और निदान भी शामिल हैं। चयनित परियोजनाओं को 50 लाख रुपए तक की पायलट फंडिंग (मील-पॉइंट-आधारित) प्राप्त होगी, साथ ही नैदानिक तत्परता प्रदर्शित होने पर व्यापक उपयोग के लिए 1 करोड़ रुपए तक की अतिरिक्त सहायता भी उपलब्ध होगी।

स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने 17 फरवरी 2026 को इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट के दौरान 'भारत में स्वास्थ्य सेवा में एआई के लिए रणनीति' (एसएएचआई) और 'स्वास्थ्य एआई के लिए बेंचमार्किंग ओपन डेटा प्लेटफॉर्म' (बीओडीएच) का शुभारंभ किया। एसएएचआई, एक राष्ट्रीय मार्गदर्शक ढांचा है, जो भारत की स्वास्थ्य प्रणाली में कृत्रिम बुद्धिमत्ता को सुरक्षित, नैतिक, साक्ष्य-आधारित, जिम्मेदार और समावेशी रूप से अपनाने में सक्षम बनाएगा। 'स्वास्थ्य एआई के लिए बेंचमार्किंग ओपन डेटा प्लेटफॉर्म' (बीओडीएच) बड़े पैमाने पर तैनाती से पहले एआई समाधानों के परीक्षण और बेंचमार्किंग के लिए एक संरचित तंत्र मुहैया कराता है। एसएएचआई को शिक्षा जगत सहित स्वास्थ्य सेवा तंत्र के सभी प्रमुख हितधारकों के साथ गहन परामर्श के बाद विकसित किया गया है। इसके अलावा, बीओडीएच को भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान, कानपुर के साथ साझेदारी में विकसित किया गया है।

आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन (एबीडीएम) एक सैंडबॉक्स वातावरण और एकीकरण टूलकिट प्रदान करता है, जो स्वास्थ्य प्रौद्योगिकी डेवलपर्स को एआई स्क्रीनिंग टूल सहित अपने एप्लिकेशन/सॉफ्टवेयर को एकीकृत करने की सुविधा देता है।

गैर-संचारी रोगों की रोकथाम और नियंत्रण के लिए राष्ट्रीय कार्यक्रम (एनपीएनसीडी) के तहत विकसित राष्ट्रीय एनसीडी पोर्टल, स्तन, गर्भाशय ग्रीवा और मुख कैंसर जैसे सामान्य गैर-संचारी रोगों के लिए जनसंख्या गणना, जोखिम मूल्यांकन, स्क्रीनिंग, रेफरल और निरंतर देखभाल के लिए एक व्यापक डिजिटल प्लेटफॉर्म प्रदान करता है। यह पोर्टल प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों (पीएचसी), सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों (सीएचसी) और जिला अस्पतालों में डेटा संग्रहण और फॉलो-अप को सक्षम बनाते हुए, अग्रिम पंक्ति के स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं (आशा/एएनएम) और सुविधा स्तर के कर्मचारियों के लिए मोबाइल और वेब ऐप को एकीकृत करता है। यह एबीएचए (आयुष्मान भारत स्वास्थ्य खाता) आईडी से जुड़ा हुआ है और मानकीकृत इलेक्ट्रॉनिक स्वास्थ्य रिकॉर्ड, सुव्यवस्थित रेफरल और स्वास्थ्य प्रणाली में स्क्रीनिंग और परिणामों की वास्तविक समय की निगरानी का समर्थन करता है।

एनएचएम के तहत वित्त वर्ष 2021-22 से 2025-26 की अवधि के दौरान गैर-संचारी रोगों के लिए राष्ट्रीय कार्यक्रम (एनपी-एनसीडी) के लिए स्वीकृत एसपीआईपी का विवरण इस प्रकार है:

वर्ष

एसपीआईपी स्वीकृतियां (लाख रुपये में)

2021–22

60,659.39

2022–23

1,18,470.27

2023–24

1,16,823.45

2024–25

1,51,052.88

2025-26

1,30,288.67

 

केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्य मंत्री श्री प्रतापराव जाधव ने आज राज्यसभा में लिखित उत्तर में यह जानकारी दी।

***

Have something to say? Post your comment

और हेल्थ समाचार

आयुष मंत्रालय और डीबीटी ने आयुर्वेद में तपेदिक (टीबी) के उपचार में सहायक चिकित्सा के रूप में एक संयुक्त नैदानिक ​​अध्ययन की घोषणा की

आयुष मंत्रालय और डीबीटी ने आयुर्वेद में तपेदिक (टीबी) के उपचार में सहायक चिकित्सा के रूप में एक संयुक्त नैदानिक ​​अध्ययन की घोषणा की

दवाओं की गुणवत्ता सुनिश्चित करने और नकली दवाओं पर अंकुश लगाने के लिए उठाए गए कदम

दवाओं की गुणवत्ता सुनिश्चित करने और नकली दवाओं पर अंकुश लगाने के लिए उठाए गए कदम

युवाओं में मादक पदार्थों की लत को रोकने के लिए उठाए गए कदम

युवाओं में मादक पदार्थों की लत को रोकने के लिए उठाए गए कदम

“स्वस्थ नारी, सशक्त परिवार” की परिकल्पना को आगे बढ़ाने के लिए उठाए गए कदम

“स्वस्थ नारी, सशक्त परिवार” की परिकल्पना को आगे बढ़ाने के लिए उठाए गए कदम

यू-विन पोर्टल पर अपडेट

यू-विन पोर्टल पर अपडेट

वजन घटाने वाली दवाओं (जीएलपी-1) की आपूर्ति श्रृंखला पर नियामक निगरानी

वजन घटाने वाली दवाओं (जीएलपी-1) की आपूर्ति श्रृंखला पर नियामक निगरानी

‘सबका साथ सबका विकास - लोगों की आकांक्षाओं को साकार करना’

‘सबका साथ सबका विकास - लोगों की आकांक्षाओं को साकार करना’

आईटीआरए, जामनगर द्वारा आयोजित दो दिवसीय ‘आयुर स्वादोत्सव’ में लगभग 32 हजार से अधिक लोगों ने की सहभागिता

आईटीआरए, जामनगर द्वारा आयोजित दो दिवसीय ‘आयुर स्वादोत्सव’ में लगभग 32 हजार से अधिक लोगों ने की सहभागिता

अंतरराष्ट्रीय मलेरिया सम्मेलन 2026 में मलेरिया उन्मूलन के लिए

अंतरराष्ट्रीय मलेरिया सम्मेलन 2026 में मलेरिया उन्मूलन के लिए

प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने बजटोत्तर वेबिनार को संबोधित किया, स्वास्थ्य क्षेत्र के प्रयासों पर आयोजित विषय “सबका साथ सबका विकास –यानी  लोगों की आकांक्षाओं को पूरा करना”

प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने बजटोत्तर वेबिनार को संबोधित किया, स्वास्थ्य क्षेत्र के प्रयासों पर आयोजित विषय “सबका साथ सबका विकास –यानी लोगों की आकांक्षाओं को पूरा करना”

By using our site, you agree to our Terms & Conditions and Disclaimer     Dismiss