नोएडा और आसपास के इलाकों में शुक्रवार देर रात अचानक भूकंप के झटके महसूस किए गए, जिससे लोगों में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। कुछ ही सेकंड तक चले इन झटकों ने लोगों को घरों और दफ्तरों से बाहर निकलने पर मजबूर कर दिया। कई जगहों पर लोग घबराकर खुले स्थानों की ओर भागते नजर आए।
भूकंप के ये झटके केवल नोएडा तक सीमित नहीं रहे, बल्कि दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश, हरियाणा और उत्तर भारत के अन्य हिस्सों में भी महसूस किए गए। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, भूकंप की तीव्रता रिक्टर स्केल पर मध्यम श्रेणी की दर्ज की गई है, हालांकि सटीक आंकड़ों की पुष्टि संबंधित एजेंसियों द्वारा की जा रही है।
विशेषज्ञों के अनुसार, भूकंप का केंद्र (एपिसेंटर) उत्तर भारत के किसी हिस्से में स्थित हो सकता है, जिसकी वजह से व्यापक क्षेत्र में कंपन महसूस हुआ। राहत की बात यह रही कि फिलहाल किसी बड़े नुकसान या हताहत होने की खबर सामने नहीं आई है। प्रशासन ने स्थिति पर नजर बनाए रखी है और लोगों से सतर्क रहने की अपील की है।
स्थानीय निवासियों ने बताया कि झटके अचानक महसूस हुए, जिससे घरों में रखे सामान हिलने लगे और खिड़कियों-दरवाजों में कंपन महसूस हुआ। कुछ लोगों ने इसे तेज आवाज के साथ भी महसूस किया, जिससे घबराहट और बढ़ गई।
भूकंप के बाद विशेषज्ञों ने लोगों को सलाह दी है कि ऐसी स्थिति में घबराने के बजाय सुरक्षित स्थानों पर रहें और अफवाहों से बचें। साथ ही, ऊंची इमारतों में रहने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है।
गौरतलब है कि उत्तर भारत भूकंपीय दृष्टि से संवेदनशील क्षेत्र में आता है, जहां समय-समय पर हल्के से मध्यम तीव्रता के भूकंप आते रहते हैं। ऐसे में जागरूकता और सतर्कता ही सबसे बड़ा बचाव है।