Sunday, April 26, 2026
BREAKING
Weather: गुजरात में बाढ़ से हाहाकार, अब तक 30 लोगों की मौत; दिल्ली-एनसीआर में भारी बारिश की चेतावनी जारी दैनिक राशिफल 13 अगस्त, 2024 Hindenburg Research Report: विनोद अदाणी की तरह सेबी चीफ माधबी और उनके पति धवल बुच ने विदेशी फंड में पैसा लगाया Hindus in Bangladesh: मर जाएंगे, बांग्लादेश नहीं छोड़ेंगे... ढाका में हजारों हिंदुओं ने किया प्रदर्शन, हमलों के खिलाफ उठाई आवाज, रखी चार मांग Russia v/s Ukraine: पहली बार रूसी क्षेत्र में घुसी यूक्रेनी सेना!, क्रेमलिन में हाहाकार; दोनों पक्षों में हो रहा भीषण युद्ध Bangladesh Government Crisis:बांग्लादेश में शेख हसीना का तख्तापलट, सेना की कार्रवाई में 56 की मौत; पूरे देश में अराजकता का माहौल, शेख हसीना के लिए NSA डोभाल ने बनाया एग्जिट प्लान, बौखलाया पाकिस्तान! तीज त्यौहार हमारी सांस्कृतिक विरासत, इन्हें रखें सहेज कर- मुख्यमंत्री Himachal Weather: श्रीखंड में फटा बादल, यात्रा पर गए 300 लोग फंसे, प्रदेश में 114 सड़कें बंद, मौसम विभाग ने 7 अगस्त को भारी बारिश का जारी किया अलर्ट Shimla Flood: एक ही परिवार के 16 सदस्य लापता,Kedarnath Dham: दो शव मिले, 700 से अधिक यात्री केदारनाथ में फंसे Supreme Court: सुप्रीम कोर्ट ने एससी एसटी की सब-कैटेगरी में आरक्षण को दी मंज़ूरी

चंडीगढ़

“AAP से BJP जंप: क्या जाएगी सांसदों की कुर्सी? एंटी-डिफेक्शन कानून से उठे बड़े सवाल”

April 26, 2026 08:33 AM

आम आदमी पार्टी (AAP) के कुछ सांसदों के भारतीय जनता पार्टी (BJP) में शामिल होने की खबरों के बीच यह सवाल तेजी से उठ रहा है कि क्या उन्हें अपनी सदस्यता गंवानी पड़ सकती है। भारत में दल-बदल से जुड़े मामलों को दसवीं अनुसूची (Anti-Defection Law) के तहत नियंत्रित किया जाता है, जिसका उद्देश्य राजनीतिक दलों में स्थिरता बनाए रखना और अवसरवादी राजनीति पर रोक लगाना है।

इस कानून के अनुसार, यदि कोई सांसद या विधायक अपनी पार्टी छोड़कर किसी अन्य दल में शामिल होता है या पार्टी व्हिप के खिलाफ मतदान करता है, तो उसे अयोग्यता का सामना करना पड़ सकता है। ऐसे मामलों में अंतिम निर्णय संबंधित सदन के अध्यक्ष या सभापति द्वारा लिया जाता है। इसलिए, यदि AAP के सांसद औपचारिक रूप से पार्टी छोड़कर BJP में शामिल होते हैं, तो उनके खिलाफ अयोग्यता की कार्यवाही शुरू हो सकती है।

हालांकि, कानून में एक महत्वपूर्ण प्रावधान भी है। यदि किसी दल के कम से कम दो-तिहाई सदस्य एक साथ किसी अन्य पार्टी में विलय का निर्णय लेते हैं, तो इसे ‘विभाजन’ नहीं बल्कि ‘विलय’ माना जाता है, और ऐसे में अयोग्यता लागू नहीं होती। यही कारण है कि कई बार राजनीतिक दल समूह में टूटकर दूसरी पार्टी में शामिल होने की रणनीति अपनाते हैं।

राजनीतिक विशेषज्ञों का मानना है कि केवल पार्टी बदलने की घोषणा ही पर्याप्त नहीं होती, बल्कि यह देखना भी जरूरी है कि क्या सांसदों ने औपचारिक रूप से इस्तीफा दिया है या सदन में अपनी स्थिति बदली है। इसके अलावा, संबंधित पार्टी या विपक्षी सदस्य स्पीकर के समक्ष याचिका दाखिल कर अयोग्यता की मांग कर सकते हैं, जिसके बाद प्रक्रिया शुरू होती है।

ऐसे मामलों में निर्णय आने में समय भी लग सकता है, क्योंकि स्पीकर को तथ्यों और परिस्थितियों की जांच करनी होती है। इस दौरान संबंधित सांसद सदन की कार्यवाही में हिस्सा लेते रह सकते हैं, जब तक कि कोई अंतिम फैसला न आ जाए।

कुल मिलाकर, AAP सांसदों के BJP में शामिल होने की स्थिति में उनकी सदस्यता पर खतरा बन सकता है, लेकिन यह पूरी तरह इस बात पर निर्भर करेगा कि मामला कानूनी प्रक्रिया में कैसे आगे बढ़ता है और स्पीकर क्या निर्णय लेते हैं।

Have something to say? Post your comment

और चंडीगढ़ समाचार

“व्हाइट हाउस डिनर में गोलीबारी का हड़कंप: हथियारों से लैस शख्स ने तोड़ी सुरक्षा, ट्रंप का बड़ा खुलासा”

“व्हाइट हाउस डिनर में गोलीबारी का हड़कंप: हथियारों से लैस शख्स ने तोड़ी सुरक्षा, ट्रंप का बड़ा खुलासा”

बंगाल में शाह का बड़ा दावा: पहले चरण में 110 सीटें, CAA लागू करने का ऐलान!

बंगाल में शाह का बड़ा दावा: पहले चरण में 110 सीटें, CAA लागू करने का ऐलान!

28 अप्रैल को बदलेगा मौसम: झुलसाती गर्मी के बीच बारिश देगी राहत!

28 अप्रैल को बदलेगा मौसम: झुलसाती गर्मी के बीच बारिश देगी राहत!

पाकिस्तान में फिर आमने-सामने US-ईरान, क्या टूटेगा नाज़ुक सीजफायर?

पाकिस्तान में फिर आमने-सामने US-ईरान, क्या टूटेगा नाज़ुक सीजफायर?

राघव चड्ढा समेत 7 सांसदों का बड़ा दलबदल, BJP में एंट्री से सियासी भूचाल

राघव चड्ढा समेत 7 सांसदों का बड़ा दलबदल, BJP में एंट्री से सियासी भूचाल

CET परीक्षा में जनेऊ उतारने को कहा, बेंगलुरु में भड़का विवाद

CET परीक्षा में जनेऊ उतारने को कहा, बेंगलुरु में भड़का विवाद

एल नीनो से पहले ही तप रहा भारत! 36 में से 33 शहरों में टूटा तापमान रिकॉर्ड

एल नीनो से पहले ही तप रहा भारत! 36 में से 33 शहरों में टूटा तापमान रिकॉर्ड

कभी शांति, कभी चेतावनी: ट्रंप-ईरान के बयानों से बढ़ा वैश्विक तनाव”

कभी शांति, कभी चेतावनी: ट्रंप-ईरान के बयानों से बढ़ा वैश्विक तनाव”

मोदी vs विपक्ष: महिला आरक्षण और परिसीमन पर छिड़ी नई बहस

मोदी vs विपक्ष: महिला आरक्षण और परिसीमन पर छिड़ी नई बहस

अमरावती कांड में नया खुलासा: 15 साल की लड़की की शिकायत, और पीड़िताएं आ सकती हैं सामने

अमरावती कांड में नया खुलासा: 15 साल की लड़की की शिकायत, और पीड़िताएं आ सकती हैं सामने

By using our site, you agree to our Terms & Conditions and Disclaimer     Dismiss