अप्रैल की शुरुआत में ही देश के कई हिस्सों में गर्मी ने अपना भीषण रूप दिखाना शुरू कर दिया है। उत्तर भारत खासकर राजधानी दिल्ली में तापमान लगातार बढ़ता जा रहा है, जिससे लोगों को झुलसाने वाली गर्मी का सामना करना पड़ रहा है। मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में पारा और चढ़ सकता है, जो 45 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने की आशंका जताई जा रही है।
दिल्ली में फिलहाल अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के आसपास दर्ज किया जा रहा है, जो सामान्य से ऊपर है। तेज धूप और गर्म हवाओं ने दिन के समय बाहर निकलना मुश्किल बना दिया है। दोपहर के समय सड़कों पर सन्नाटा देखा जा रहा है और लोग जरूरी काम होने पर ही घर से बाहर निकल रहे हैं। गर्मी के बढ़ते असर को देखते हुए स्वास्थ्य विशेषज्ञ भी सावधानी बरतने की सलाह दे रहे हैं।
मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि इस बार गर्मी का असर सामान्य से ज्यादा तेज हो सकता है। पश्चिमी विक्षोभ की कमी और साफ आसमान के कारण सूर्य की किरणें सीधे धरती को गर्म कर रही हैं, जिससे तापमान तेजी से बढ़ रहा है। इसके साथ ही कई राज्यों में लू चलने की संभावना भी जताई गई है, जो लोगों के लिए गंभीर स्वास्थ्य खतरा बन सकती है।
विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसी स्थिति में बच्चों, बुजुर्गों और बीमार लोगों को खास ध्यान रखने की जरूरत है। पर्याप्त मात्रा में पानी पीना, धूप से बचना और हल्के कपड़े पहनना जरूरी है। साथ ही दोपहर के समय बाहर जाने से बचना चाहिए। सरकार और स्थानीय प्रशासन भी लोगों को जागरूक करने के लिए लगातार दिशा-निर्देश जारी कर रहे हैं।
कुल मिलाकर, अप्रैल महीने में ही मई-जून जैसी तपिश महसूस होना आने वाले दिनों के लिए चेतावनी संकेत है। अगर तापमान इसी तरह बढ़ता रहा, तो लोगों को और ज्यादा कठिनाइयों का सामना करना पड़ सकता है। ऐसे में सावधानी और सतर्कता ही इस भीषण गर्मी से बचाव का सबसे बेहतर उपाय है।