Sunday, September 27, 2026
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हरियाणा

Latest News from Haryana September 2026

September 27, 2026 06:57 AM

हरियाणा में इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स की गुणवत्ता जांचने के लिए नया निरीक्षण ढांचा लागू

 

चंडीगढ़ 25 सितंबर - हरियाणा सरकार ने राज्य में चल रही विकास परियोजनाओं और सार्वजनिक बुनियादी ढांचे की गुणवत्ता को मजबूती देने के लिए एक व्यापक निरीक्षण ढांचा स्वीकृत किया है। इस पहल का मुख्य उद्देश्य निर्माण कार्य पूरा होने के बाद नहीं, बल्कि कार्य निष्पादन के दौरान ही कमियों की पहचान कर उन्हें शुरुआती चरण में ही दूर करना है।

 

क्वालिटी एश्योरेंस अथॉरिटी (QAA), हरियाणा के अध्यक्ष एवं सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी समीर पाल सरों ने बताया कि अथॉरिटी का गठन राज्य सरकार के इंजीनियरिंग कार्यों के लिए एक स्वतंत्र और मजबूत गुणवत्ता आश्वासन तंत्र स्थापित करने के उद्देश्य से किया गया था। उन्होंने जानकारी दी कि अथॉरिटी पहले से ही सड़कों, इमारतों, जल आपूर्ति, सीवरेज, सिंचाई और बिजली पारेषण जैसे विभिन्न महत्वपूर्ण क्षेत्रों की परियोजनाओं का ऑडिट और तकनीकी निरीक्षण कर रही है।

 

वरिष्ठ इंजीनियरों द्वारा नियमित और अनिवार्य निरीक्षण तय 

 

उन्होंने बताया कि अथॉरिटी द्वारा मंजूर किए गए नए निरीक्षण ढांचे के तहत परियोजनाओं की लागत के आधार पर वरिष्ठ इंजीनियरों द्वारा नियमित और अनिवार्य निरीक्षण तय किए गए हैं। इसके तहत 50 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाली बुनियादी ढांचा परियोजनाओं का इंजीनियर-इन-चीफ (ईआईसी) द्वारा 50 प्रतिशत और 90 प्रतिशत की भौतिक प्रगति होने पर कुल दो बार निरीक्षण किया जाएगा। वहीं 25 करोड़ रुपये या उससे अधिक की परियोजनाओं का निरीक्षण चीफ इंजीनियर (सीई) द्वारा 20, 40, 60 और 80 प्रतिशत की भौतिक प्रगति पर चार बार किया जाएगा। इसके अतिरिक्त, 10 करोड़ रुपये या उससे अधिक की लागत वाली परियोजनाओं का निरीक्षण सुपरिटेंडिंग इंजीनियर (एसई) द्वारा 15, 30, 45, 60, 75 और 90 प्रतिशत की भौतिक प्रगति पर कुल छह बार किया जाएगा।

 

'साइट ऑर्डर बुक' भी रखी जाएगी

 

पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए प्रत्येक प्रोजेक्ट साइट पर एक 'साइट ऑर्डर बुक' रखी जाएगी, जिसमें निरीक्षण के दौरान पाई गई कमियों, तकनीकी निर्देशों और सुधारात्मक उपायों को दर्ज किया जाएगा। सभी निरीक्षण अधिकारियों को अपनी रिपोर्ट तीन कार्य दिवसों के भीतर निर्धारित प्रारूप में अथॉरिटी को जमा करनी होगी।

 

गुणवत्ता स्कोर भी होगा शामिल

 

रिपोर्ट में स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग मेथड्स एंड प्रोसीजर्स (SOMPs) के आधार पर गुणवत्ता स्कोर शामिल होगा, जो निगरानी का मुख्य हिस्सा बनेगा। इन निरीक्षण रिकॉर्ड्स का उपयोग अधिकारियों के प्रदर्शन और वार्षिक मूल्यांकन के लिए भी किया जा सकता है, जिससे जवाबदेही को बढ़ावा मिलेगा।

  

श्री समीर पाल सरों ने विश्वास जताया कि इन सभी पहलों से गुणवत्ता आश्वासन प्रणाली मजबूत होगी और हरियाणा भर में टिकाऊ, सुरक्षित व उच्च गुणवत्ता वाले सार्वजनिक बुनियादी ढांचे का निर्माण संभव हो सकेगा।

 

पंजाब सरकार नौकरियों पर श्वेत पत्र जारी कर बताए पांच साल में कितने युवाओं को रोजगार दिया : मुख्यमंत्री नायब सैनी

 

हरियाणा की वास्तविक आर्थिक विकास दर पंजाब से 3.4 प्रतिशत अधिक; 2025-26 में हरियाणा की विकास दर 9.5 प्रतिशत और पंजाब की 6.1 प्रतिशत

 

मुख्यमंत्री पहुंचे अमृतसर, पार्टी में शामिल हुए कार्यकर्ताओं को किया संबोधित

 

पंजाब में बढ़ते नशे पर भी नायब सिंह सैनी ने जताई चिंता, कहा: सरकार बनने पर नशा बेचने वाले नहीं आएंगे पंजाब में नजर

 

चंडीगढ़, 26 सितंबर। हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि पंजाब सरकार को रोजगार के मुद्दे पर जनता के सामने स्पष्ट जवाब देना चाहिए। आम आदमी पार्टी ने पंजाब में 20 लाख युवाओं को रोजगार देने की बात कहीं थी, इसलिए सरकार को श्वेत पत्र जारी कर यह बताना चाहिए कि पांच साल में वास्तव में कितने युवाओं को रोजगार दिया गया। उन्होंने कहा कि युवाओं को रोजगार देना केवल चुनावी वादा नहीं, बल्कि उनके भविष्य और परिवार की आर्थिक सुरक्षा से जुड़ा विषय है।

 

मुख्यमंत्री शनिवार को पंजाब दौरे के दौरान अमृतसर में आयोजित कार्यक्रम में कार्यकर्ताओं को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने पार्टी में शामिल होने वाले अलग—अलग पार्टी के कार्यकर्ताओं का स्वागत भी किया। अपने संबोधन में मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि पंजाब में कांग्रेस ने भी हर घर में रोजगार का वादा किया था, इसी प्रकार आम आदमी पार्टी ने भी जनता से वादे किए। लेकिन जनता के सामने आज यह सवाल खड़ा है कि इन वादों का वास्तविक परिणाम क्या रहा। उन्होंने पंजाब सरकार से रोजगार के आंकड़े सार्वजनिक करने की मांग की।

 

श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि हरियाणा में वर्तमान सरकार के करीब 18 माह के कार्यकाल में लगभग 45 हजार युवाओं को बिना पर्ची और बिना खर्ची सरकारी नौकरी दी गई है। उन्होंने कहा कि सरकार ने भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता को प्राथमिकता दी है और युवाओं को अपनी योग्यता के आधार पर आगे बढ़ने का अवसर मिला है। उन्होंने बताया कि हरियाणा पुलिस में लगभग 5,600 पदों के लिए भर्ती प्रक्रिया चल रही है और करीब 8500 अन्य विभागीय पदों के लिए भी भर्ती एवं साक्षात्कार की प्रक्रिया जारी है। उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि युवाओं को रोजगार के लिए किसी राजनीतिक व्यक्ति या बिचौलिए के चक्कर न लगाने पड़ें।

 

मुख्यमंत्री ने पंजाब में आबकारी निरीक्षक भर्ती के परिणाम में सामने आई खामियों को हवाला देते हुए पंजाब की आप सरकार पर निशाना भी साधा। उन्होंने कहा कि भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता और युवाओं का विश्वास सबसे महत्वपूर्ण है, लेकिन पंजाब सरकार ने युवाओं के विश्वास को तोड़ने का काम किया है।

 

हरियाणा में 270 संकल्पों पर तेजी से काम

मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि हरियाणा में विधानसभा चुनाव के दौरान किए गए 270 संकल्पों को पूरा करने की दिशा में सरकार काम कर रही है। इनमें से 70 संकल्प पूरे किए जा चुके हैं, बाकि पर तेजी से काम चल रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार ने अपने संकल्पों को केवल घोषणा तक सीमित नहीं रखा, बल्कि उन्हें समयबद्ध तरीके से लागू करने का प्रयास किया है।

 

उन्होंने कहा कि महिलाओं के लिए पहले वर्ष के बजट में 5 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया और 2 हजार करोड़ रुपये से अधिक की राशि महिलाओं के खातों में सीधे पहुंचाई गई। इसी प्रकार प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत जरूरतमंद परिवारों को मकान उपलब्ध करवाए गए और उन्हें उनके घरों की चाबियां सौंपी गईं। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिन परिवारों के पास अपनी जमीन नहीं थी, उन्हें ग्रामीण क्षेत्रों में 100-100 गज और शहरी क्षेत्रों में 30-30 गज के प्लॉट उपलब्ध करवाए गए हैं। इससे लगभग 32 हजार परिवार लाभान्वित हुए हैं।

 

 

मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा के जरूरतमंद परिवारों को भी सरकार ने राहत देने का काम किया है। इसी के तहत आयुष्मान-चिरायु से लाखों लोगों को फायदा मिला है। सरकार ने कम आय वाले परिवारों की महिलाओं के लिए 500 रुपये में गैस सिलेंडर उपलब्ध करवाने की व्यवस्था की है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा में किसानों की फसल न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीदने की व्यवस्था को मजबूत किया गया है। उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि किसान को उसकी उपज का उचित मूल्य मिले और उसे अपनी फसल बेचने के लिए परेशान न होना पड़े।

 

 

हरियाणा की विकास दर पंजाब से 3.4 प्रतिशत अधिक : मुख्यमंत्री

मुख्यमंत्री ने हरियाणा और पंजाब की अर्थव्यवस्था की तुलना करते हुए कहा कि वर्ष 2025-26 में हरियाणा की वास्तविक आर्थिक विकास दर 9.5 प्रतिशत रहने का अनुमान है, जबकि पंजाब की विकास दर 6.1 प्रतिशत है। इस प्रकार दोनों राज्यों की विकास दर में 3.4 प्रतिशत अंक का अंतर है। यानि, हरियाणा पंजाब से 3.4 प्रतिश्त अधिक तेजी से आगे बढ़ रहा है।

 

उन्होंने कहा कि वर्ष 2026-27 में हरियाणा की अर्थव्यवस्था लगभग 15 लाख 18 हजार करोड़ रुपये और पंजाब की अर्थव्यवस्था लगभग 9 लाख 81 हजार करोड़ रुपये रहने का अनुमान है। दोनों राज्यों के आर्थिक आकार में लगभग 5 लाख 38 हजार करोड़ रुपये का अंतर है। मुख्यमंत्री ने कहा कि उनके अनुसार यह अंतर नीतियों, नेतृत्व और जवाबदेही में अंतर को दर्शाता है।

 

उन्होंने कहा कि एक समय पंजाब देश के सबसे समृद्ध राज्यों में गिना जाता था। पंजाब के गठन के करीब 19 वर्ष बाद अस्तित्व में आए हरियाणा ने आर्थिक प्रगति के क्षेत्र में महत्वपूर्ण स्थान बनाया है। उन्होंने कहा कि पंजाब की जनता यह सवाल पूछ रही है कि इतनी उपजाऊ धरती, मेहनती लोग और अपार संभावनाएं होने के बावजूद राज्य आर्थिक प्रगति में पीछे क्यों रह गया।

 

देश की जीडीपी में भी हरियाणा की हिस्सेदारी अधिक

श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि वर्ष 2023-24 में देश की जीडीपी में हरियाणा की हिस्सेदारी लगभग 3.6 प्रतिशत थी, जबकि पंजाब की हिस्सेदारी लगभग 2.4 प्रतिशत थी। इसी अवधि में हरियाणा की प्रति व्यक्ति आय राष्ट्रीय औसत की 176.8 प्रतिशत और पंजाब की 106.7 प्रतिशत आंकी गई।

 

उन्होंने कहा कि एक समय पंजाब की प्रति व्यक्ति आय राष्ट्रीय औसत से लगभग दोगुनी हुआ करती थी। आज पंजाब के सामने यह सवाल है कि कृषि, उद्योग, व्यापार और युवाओं की क्षमता के बावजूद राज्य की आर्थिक स्थिति में अपेक्षित गति क्यों नहीं बनी।

 

मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए किसान को समय पर सुविधाएं, उसकी उपज का उचित प्रतिफल और खेती में नए अवसर मिलने चाहिए। व्यापार और उद्योग के लिए भरोसेमंद व्यवस्था, छोटे दुकानदार के लिए सम्मान और उद्यमियों के निवेश की सुरक्षा जरूरी है। उन्होंने कहा कि युवाओं के कौशल को रोजगार और उद्यमिता के अवसरों से जोड़ना भी आवश्यक है। पंजाब में हालात आज यह हो गए है कि यहां से रोजगार बाहर जा रहे है, रोजगार खत्म करने का काम यहां की आम आदमी पार्टी की सरकार कर रही है।

 

उन्होंने कहा कि पंजाब की जनता अब तय कर चुकि है कि आने वाले समय में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली बीजेपी की सरकार यहां बनानी है। जो पंजाब को फिर से खुशहाल करने का काम करेगी।

 

नशे के मुद्दे पर सरकार को परिणामों का जवाब देना होगा

मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने इस दौरान पंजाब में बढ़ते नशे पर भी चिंता जाहिर की। उन्होंने कहा कि कांग्रेस की बात हो या आम आदमी पार्टी की दोनों ही पंजाब में नशे पर लगाम लगाने में विफल रहे। श्री नायब सिंह सैनी ने पंजाब में नशे की समस्या को गंभीर मुद्दा बताते हुए कहा कि नशे के विरुद्ध कार्रवाई का वास्तविक पैमाना यह है कि उसकी उपलब्धता कितनी घटी, उसकी चपेट में आए कितने युवाओं का पुनर्वास हुआ और कितने परिवारों को राहत मिली। उन्होंने कहा कि सरकार को इन परिणामों पर जवाब देना चाहिए।

 

उन्होंने कहा कि किसी मां की आंखों के आंसू राजनीतिक बयान से नहीं पोंछे जा सकते। उसके बेटे को उपचार, सहारा और सम्मानजनक भविष्य देना होगा। उन्होंने कहा कि पंजाब भाजपा की ओर से नशे के विरुद्ध अभियान चलाया जा रहा है और बड़ी संख्या में लोग, विशेषकर माताएं और बहनें, इस अभियान से जुड़ रही हैं।

 

मुख्यमंत्री ने हरियाणा में नशा रोकने के लिए सरकार द्वारा किए जा रहे प्रयासों का जिक्र करते हुए कहा कि सरकार वहां युवाओं को खेलों की सुविधाए उपलब्ध करवा रही है। इसके अलावा प्रदेश में हर माह मैराथन आयोजित की जा रही है, जिसमें लगभग एक लाख युवा भाग लेते हैं। 5 और 10 किलोमीटर की इन दौड़ों के माध्यम से युवाओं को स्वस्थ जीवनशैली और खेलों से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। वे स्वयं भी मैराथन में शामिल होते है और युवाओं को नशे से दूर करने के लिए प्रेरित करते हुए अपनी उर्जा साकारात्मक दिशा में लगाने का आह्वान करते है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा के खिलाड़ी ओलंपिक, पैरालंपिक और एशियाई खेलों सहित विभिन्न अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में पदक जीतकर प्रदेश का नाम रोशन कर रहे हैं।

 

मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब के लोगों की अपेक्षा विकास, रोजगार, नशामुक्ति और बेहतर प्रशासन से जुड़ी है। उन्होंने कहा कि युवाओं के भविष्य, किसानों की आय, उद्योग-व्यापार और आम नागरिक की सुविधाओं से जुड़े मुद्दों पर सरकारों को अपने काम का स्पष्ट हिसाब जनता के सामने रखना चाहिए।

 

उन्होंने कार्यक्रम में भाजपा में शामिल होने वाले सभी कार्यकर्ताओं का स्वागत करते हुए कहा कि कार्यकर्ताओं के जुड़ने से संगठन को मजबूती मिलती है। उन्होंने उनसे जनता के बीच जाकर विकास, रोजगार और जनकल्याण से जुड़े मुद्दों को मजबूती से उठाने का आह्वान किया।

 

इस अवसर पर पूर्व सांसद एवं बीजेपी नेता श्री श्वेत मलिक,अमृतसर जिला अध्यक्ष श्री सलिल कपूर, राकेश रिंकू, प्रताप सिंह, तरण जस्सी सहित बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता एवं गणमान्य उपस्थित रहे।

 

क्रमांक— 2026

 

 

 

 

 

हरियाणा में इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स की गुणवत्ता जांचने के लिए नया निरीक्षण ढांचा लागू

 

चंडीगढ़ 25 सितंबर - हरियाणा सरकार ने राज्य में चल रही विकास परियोजनाओं और सार्वजनिक बुनियादी ढांचे की गुणवत्ता को मजबूती देने के लिए एक व्यापक निरीक्षण ढांचा स्वीकृत किया है। इस पहल का मुख्य उद्देश्य निर्माण कार्य पूरा होने के बाद नहीं, बल्कि कार्य निष्पादन के दौरान ही कमियों की पहचान कर उन्हें शुरुआती चरण में ही दूर करना है।

 

क्वालिटी एश्योरेंस अथॉरिटी (QAA), हरियाणा के अध्यक्ष एवं सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी समीर पाल सरों ने बताया कि अथॉरिटी का गठन राज्य सरकार के इंजीनियरिंग कार्यों के लिए एक स्वतंत्र और मजबूत गुणवत्ता आश्वासन तंत्र स्थापित करने के उद्देश्य से किया गया था। उन्होंने जानकारी दी कि अथॉरिटी पहले से ही सड़कों, इमारतों, जल आपूर्ति, सीवरेज, सिंचाई और बिजली पारेषण जैसे विभिन्न महत्वपूर्ण क्षेत्रों की परियोजनाओं का ऑडिट और तकनीकी निरीक्षण कर रही है।  

 

उन्होंने बताया कि अथॉरिटी द्वारा मंजूर किए गए नए निरीक्षण ढांचे के तहत परियोजनाओं की लागत के आधार पर वरिष्ठ इंजीनियरों द्वारा नियमित और अनिवार्य निरीक्षण तय किए गए हैं। इसके तहत 50 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाली बुनियादी ढांचा परियोजनाओं का इंजीनियर-इन-चीफ द्वारा 50 प्रतिशत और 90 प्रतिशत की भौतिक प्रगति होने पर कुल दो बार निरीक्षण किया जाएगा। वहीं 25 करोड़ रुपये या उससे अधिक की परियोजनाओं का निरीक्षण चीफ इंजीनियर द्वारा 20, 40, 60 और 80 प्रतिशत की भौतिक प्रगति पर चार बार किया जाएगा। इसके अतिरिक्त, 10 करोड़ रुपये या उससे अधिक की लागत वाली परियोजनाओं का निरीक्षण सुपरिटेंडिंग इंजीनियर द्वारा 15, 30, 45, 60, 75 और 90 प्रतिशत की भौतिक प्रगति पर कुल छह बार किया जाएगा। 

 

 पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए प्रत्येक प्रोजेक्ट साइट पर एक 'साइट ऑर्डर बुक' रखी जाएगी, जिसमें निरीक्षण के दौरान पाई गई कमियों, तकनीकी निर्देशों और सुधारात्मक उपायों को दर्ज किया जाएगा। सभी निरीक्षण अधिकारियों को अपनी रिपोर्ट तीन कार्य दिवसों के भीतर निर्धारित प्रारूप में अथॉरिटी को जमा करनी होगी।

 

 रिपोर्ट में स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग मेथड्स एंड प्रोसीजर्स (SOMPs) के आधार पर गुणवत्ता स्कोर शामिल होगा, जो निगरानी का मुख्य हिस्सा बनेगा। इन निरीक्षण रिकॉर्ड्स का उपयोग अधिकारियों के प्रदर्शन और वार्षिक मूल्यांकन के लिए भी किया जा सकता है, जिससे जवाबदेही को बढ़ावा मिलेगा।  

 

श्री समीर पाल सरों ने विश्वास जताया कि इन सभी पहलों से गुणवत्ता आश्वासन प्रणाली मजबूत होगी और हरियाणा भर में टिकाऊ, सुरक्षित व उच्च गुणवत्ता वाले सार्वजनिक बुनियादी ढांचे का निर्माण संभव हो सकेगा।

 

क्रमांक -2026

 

 

 

 

 

 

सेवा, सहयोग और संवेदना की भावना को हर वर्ग तक पहुंचाना ही सेवा संकल्प अभियान उद्देश्य: मोहन लाल बड़ौली

 

आंगन मिलन सेवा कार्यक्रम में शामिल होकर मातृशक्ति और बच्चों के कल्याण  पर दिया जोर

 

चंडीगढ़, 26 सितंबर-हरियाणा सार्वजनिक उपक्रम ब्यूरो के अध्यक्ष श्री मोहन लाल बड़ौली ने कहा कि महिलाओं और बच्चों का विकास एवं कल्याण समाज की समग्र प्रगति से जुड़ा विषय है। उन्होंने कहा कि सेवा संकल्प अभियान का उद्देश्य समाज के प्रत्येक वर्ग तक सेवा, सहयोग और संवेदना की भावना को पहुंचाना है।

 

श्री मोहन लाल बड़ौली आज जिला सोनीपत के गांव गोरड़ में सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत आयोजित आंगन मिलन सेवा कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि शामिल हुए।

 

उन्होंने कार्यक्रम में उपस्थित लोगों के साथ महिलाओं एवं बच्चों के विकास, सम्मान और कल्याण से जुड़े विषयों पर चर्चा करते हुए जनहित से जुड़े कार्यों और सेवा संकल्प अभियान के उद्देश्यों को जनभागीदारी के माध्यम से आगे बढ़ाने पर जोर दिया।

 

कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने कहा कि ऐसे कार्यक्रमों के माध्यम से जमीनी स्तर पर लोगों से संवाद स्थापित करने और उनकी आवश्यकताओं को समझने में सहायता मिलती है।

 

कार्यक्रम में जिला परिषद की चेयरपर्सन श्रीमती मोनिका राजबीर दहिया, अनुसूचित जाति आयोग की वाइस चेयरपर्सन श्रीमती रेनू डाबला, ब्लॉक समिति के चेयरमैन श्री सतेन्द्र, डीपीओ श्रीमती प्रवीन मलिक तथा सरपंच श्रीमती अंजू सहित कई गणमान्य व्यक्ति एवं क्षेत्रवासी उपस्थित रहे।

 

क्रमांक— 2026

 

 

 

 

 

 

 

एशियन गेम्स में भारतीय पुरुष कबड्डी टीम ने जीता स्वर्ण पदक, मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने दी बधाई

 

हरियाणा के 8 खिलाड़ियों ने रचा इतिहास, मुख्यमंत्री बोले-"खिलाड़ियों ने पूरी दुनिया में देश और प्रदेश का सिर गर्व से ऊंचा किया"

चंडीगढ़, 26 सितंबर-जापान के आइची-नागोया में आयोजित एशियन गेम्स 2026 में भारतीय पुरुष कबड्डी टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक अपने नाम कर लिया है। रोमांचक फ़ाइनल मुक़ाबले में भारतीय टीम ने ईरान को पराजित कर यह ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की।

इस स्वर्णिम जीत में हरियाणा का विशेष योगदान रहा है, क्योंकि स्वर्ण पदक विजेता भारतीय पुरुष कबड्डी टीम में प्रदेश के 8 प्रतिभावान खिलाड़ी शामिल हैं। हरियाणा की माटी से जुड़े इन खिलाड़ियों ने अपने उत्कृष्ट खेल, क्षमता और अनुशासन के बल पर विश्व स्तर पर देश और प्रदेश का मान बढ़ाया है।

हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने भारतीय कबड्डी टीम और विशेष रूप से राज्य के खिलाड़ियों को इस ऐतिहासिक जीत पर हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि भारतीय खिलाड़ियों ने अपनी ताकत, अद्भुत कौशल और अटूट टीम भावना का परिचय देकर पूरे देश को गौरवान्वित किया है।

मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि एशियन गेम्स में हरियाणा के युवाओं का यह शानदार प्रदर्शन प्रदेश की प्रभावी व प्रोत्साहनकारी खेल नीति और खिलाड़ियों की दिन-रात की कड़ी मेहनत का परिणाम है। उन्होंने सभी खिलाड़ियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए दोहराया कि राज्य सरकार पदक विजेताओं को प्रोत्साहित करने, उन्हें उत्कृष्ट खेल सुविधाएं और हर संभव सहयोग प्रदान करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।

 

क्रमांक— 2026

 

 

 

 

 

रक्तदान मानव सेवा का श्रेष्ठ माध्यम : खेल राज्य मंत्री गौरव गौतम

 

50 रक्तमित्रों ने किया स्वैच्छिक रक्तदान, करीब 150 लोगों की हुई नि:शुल्क नेत्र जांच

 

चंडीगढ़, 26 सितंबर - हरियाणा के खेल और युवा सशक्तिकरण राज्य मंत्री श्री गौरव गौतम ने कहा कि रक्तदान केवल सामाजिक कार्य ही नहीं, बल्कि जरूरतमंद व्यक्ति के जीवन को बचाने का महत्वपूर्ण माध्यम है। स्वैच्छिक रक्तदान की भावना को जन-जन तक पहुंचाना समय की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि ‘सेवा ही सर्वोपरि’ के संकल्प के साथ रक्तदान, नेत्रदान एवं स्वास्थ्य जागरूकता के क्षेत्र में निरंतर सेवा कार्य किए जा रहे हैं। ऐसे शिविरों के माध्यम से लोगों को रक्तदान एवं नेत्रदान के लिए प्रेरित करने के साथ-साथ जरूरतमंदों तक सेवा पहुंचाने का सराहनीय प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि कुल 50 रक्तदाताओं ने स्वेच्छा से रक्तदान किया, जबकि लगभग 150 लोगों ने मुफ़्त नेत्र जांच करवाई।

 

श्री गौरव गौतम शनिवार को पलवल के टैगोर शिक्षा निकेतन में 'सेवा संकल्प अभियान' के तहत आयोजित स्वैच्छिक रक्तदान और मुफ़्त नेत्र जांच शिविर में बोल रहे थे।

 

खेल मंत्री ने युवाओं और आम जनता से रक्तदान जैसी सेवा गतिविधियों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने का आह्वान किया और कहा कि लोगों में स्वैच्छिक रक्तदान की भावना को बढ़ावा देना समय की ज़रूरत है। उन्होंने कहा कि स्कूलों में इस तरह के सेवा और कल्याणकारी कार्यक्रम छात्रों में सामाजिक ज़िम्मेदारी और मानवता की भावना जगाने में भी मदद करते हैं। उन्होंने सभी रक्तदाताओं, नेत्र जांच कराने वाले नागरिकों, मेडिकल टीम और शिविर के आयोजन से जुड़े सभी लोगों का आभार व्यक्त किया।

 

क्रमांक— 2026

 

 

 

 

 

 

बच्चों के सपनों में दिख रहा विकसित भारत का संकल्प, 2047 से पहले लक्ष्य हासिल करने का भरोसा - शिक्षा मंत्री महीपाल ढांडा

सेवा केवल कार्य नहीं, समाज के प्रति संवेदना और संकल्प का भाव है

 

चंडीगढ़, 26 सितंबर- हरियाणा के शिक्षा मंत्री महीपाल ढांडा ने कहा कि सेवा परमो धर्म है और समाज में जागृति लाने के लिए सेवा की भावना, संवेदना और संकल्प को मजबूत करना जरूरी है। ‘मेरे सपनों का भारत-चित्र सेवा’ जिला स्तरीय कार्यक्रम बच्चों की कल्पनाओं, संवेदनाओं और विकसित भारत के प्रति उनके संकल्प को दर्शाता है। बच्चों की सोच और प्रतिभा को देखकर लगता है कि वर्ष 2047 के विकसित भारत के लक्ष्य को निर्धारित समय से पहले ही हासिल करने की दिशा में देश आगे बढ़ेगा।

 

 शिक्षा मंत्री महीपाल ढांडा शनिवार को पानीपत के आर्य पीजी कॉलेज के सभागार में आयोजित ‘मेरे सपनों का भारत-चित्र सेवा’ जिला स्तरीय कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन से हुई। शिक्षा मंत्री ने शिक्षा विभाग की ओर से लगाई गई पोस्टर मेकिंग प्रदर्शनी का अवलोकन किया और विद्यार्थियों द्वारा बनाए गए चित्रों व पोस्टरों की सराहना की। इस मौके पर उपायुक्त डॉ हरीश कुमार वशिष्ठ ने बच्चों की सोच और प्रतिभा की सराहना की।

 

 मंत्री ने कहा कि देश के सामने अनेक चुनौतियां हैं, लेकिन केवल नीतियां बनाने से इनका समाधान नहीं होगा, इसके लिए समाज के प्रत्येक व्यक्ति का संकल्प और सक्रिय भागीदारी जरूरी है।

 

 मंत्री ने कहा कि भारत में प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है। आज के बच्चे जिस आत्मविश्वास और सोच के साथ विकसित भारत की कल्पना कर रहे हैं, उससे देश के उज्ज्वल भविष्य की तस्वीर दिखाई देती है।

   

 भारत को विश्व का अग्रणी राष्ट्र बनाने का संकल्प केवल भाषणों तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि उसे अपने व्यवहार और कार्यों में भी उतारना होगा। बच्चों से देश को बहुत आशाएं हैं और शिक्षा व्यवस्था को और बेहतर बनाने के लिए निरंतर काम करने की आवश्यकता है।

 

 उन्होंने कहा कि शिक्षा के माध्यम से बच्चों में ज्ञान के साथ-साथ संस्कार, संवेदना, जिम्मेदारी और राष्ट्र के प्रति कर्तव्य की भावना विकसित करनी होगी।

इस मौके पर जिला शिक्षा अधिकारी राकेश बूरा ने बताया कि जिले के करीब 900 स्कूलों में ‘मेरे सपनों का भारत’ कार्यक्रम आयोजित किए गए। इनमें पोस्टर मेकिंग और भाषण प्रतियोगिताएं करवाई गईं, जिनमें करीब 30 हजार विद्यार्थियों ने भाग लिया।

 

इस अवसर पर  मेयर कोमल सैनी,  एसडीएम मनदीप कुमार, मार्केट कमेटी चेयरमैन अवतार शास्त्री, पार्षद संजीव दहिया  सहित विभिन्न स्कूलों से आए विद्यार्थी और अध्यापक मौजूद रहे।

क्रमांक-2026

 

 

 

 

 

 

*हरियाणा के राज्यपाल ने वित्तीय संस्थानों से ग्रामीण महिला उद्यमियों तक पहुँच बढ़ाने का किया आह्वान*

 

*‘विमेंस इंटरनेशनल समिट ऑन एंटरप्रेन्योरशिप 2026’ के समापन सत्र को किया संबोधित*

 

*ग्रामीण महिला उद्यमियों के उत्पादों को बाजार तक भी मिले बेहतर पहुंच - राज्यपाल*

 

चंडीगढ़, 26 सितंबर - हरियाणा के राज्यपाल प्रो. असीम कुमार घोष ने  वित्तीय संस्थानों से आग्रह  करते हुए कहा  कि वे ऋण  की प्रक्रियाओं को आसान बनाकर, गारंटी (कोलेटरल) की ज़रूरतों को कम करके और हर स्वयं-सहायता समूह  व सूक्ष्म-उद्यम को राष्ट्र-निर्माण में भागीदार मानकर ग्रामीण महिला उद्यमियों तक अपनी पहुँच मज़बूत करें।

 

राज्यपाल आज चंडीगढ़ में कॉन्फेडरेशन ऑफ वुमन एंटरप्रेन्योर्स  (COWE) इंडिया द्वारा “ग्रामीण जड़ों से जुड़ाव, टेक्नोलॉजी से सशक्तिकरण: महिलाओं के नेतृत्व वाले MSME के लिए टिकाऊ भविष्य का निर्माण” विषय पर आयोजित ‘विमेंस इंटरनेशनल समिट ऑन एंटरप्रेन्योरशिप (WISE) 2026’ के समापन सत्र को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर हरियाणा की प्रथम महिला  श्रीमती मित्रा घोष भी विशेष रूप से उपस्थित रही। 

 

 उन्होंने कहा कि बैंक द्वारा गांवों और छोटे कस्बों तक अपनी वित्तीय सेवाएँ मज़बूत की जानी चाहिए ताकि वहां की महिला उद्यमियों को संस्थागत ऋण प्राप्त करने के लिए अनावश्यक कठिनाइयों का सामना न करना पड़े।

 

वित्तीय संसाधनों तक पहुँच के साथ-साथ बाजार तक पहुँच को भी समान रूप से महत्वपूर्ण बताते हुए प्रो. असीम कुमार घोष ने कहा कि जो महिलाएँ अपनी मेहनत और कौशल से बुनाई, खेती, हस्तशिल्प अथवा अन्य उत्पाद तैयार करती हैं, उन्हें डिजिटल और भौतिक दोनों प्रकार के बाजारों तक बेहतर पहुँच मिलनी चाहिए। इससे उनके उत्पादों को उचित मूल्य मिल सकेगा और वे अपने गांवों तथा छोटे कस्बों की सीमाओं से आगे बढ़कर व्यापक ग्राहक वर्ग तक पहुँच बनाने में सक्षम होंगी। 

 

उन्होंने उद्योग संगठनों और ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म से भी आग्रह किया कि वे ग्रामीण महिला उद्यमियों के नेतृत्व वाले MSME के लिए ऑनलाइन और ऑफलाइन, दोनों माध्यमों में विशेष स्थान उपलब्ध कराएँ। उन्होंने ऐसे कौशल विकास कार्यक्रमों में अधिक निवेश की आवश्यकता पर भी बल दिया, जो पारंपरिक ज्ञान और आधुनिक तकनीक का समन्वय करें। इनमें स्थानीय हस्तशिल्प के GI टैगिंग, डिजिटल मार्केटिंग, आधुनिक पैकेजिंग तथा निर्यात संबंधी दस्तावेज तैयार करने जैसे क्षेत्रों में प्रशिक्षण शामिल है।

 

समिट के आयोजन के लिए COWE इंडिया को बधाई देते हुए राज्यपाल ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने MSME क्षेत्र को आत्मनिर्भर भारत की अर्थव्यवस्था की महत्वपूर्ण आधारशिला के रूप में रेखांकित किया है। उन्होंने कहा कि जब छोटे उद्यम, विशेषकर महिलाओं के नेतृत्व वाले उद्यम, आगे बढ़ते हैं तो इसका सकारात्मक प्रभाव परिवारों, समुदायों और देश की अर्थव्यवस्था पर पड़ता है। प्रधानमंत्री मुद्रा योजना, स्टैंड-अप इंडिया और इमरजेंसी क्रेडिट लाइन गारंटी स्कीम जैसी पहलों का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि इन योजनाओं का उद्देश्य वित्तीय संसाधनों तक पहुँच को व्यापक बनाना और इच्छुक उद्यमियों के लिए नए अवसर उपलब्ध कराना है।

 

राज्यपाल ने कहा कि महिलाओं को सशक्त बनाने की सोच WISE 2026 के विषय में स्पष्ट रूप से दिखाई देती है, जिसमें ग्रामीण भारत की क्षमता को आधुनिक तकनीक से मिलने वाले अवसरों के साथ जोड़ा गया है। उन्होंने प्रतिभागियों से आह्वान किया कि वे समिट के दौरान प्राप्त ज्ञान और आत्मविश्वास को अपने-अपने समुदायों तक लेकर जाएँ और उन महिलाओं के लिए मार्गदर्शक एवं प्रेरणास्रोत बनें, जो अभी भी उद्यमिता की दिशा में पहला कदम उठाने में हिचकिचा रही हैं।

 

प्रो. असीम कुमार घोष ने महिला उद्यमियों, उद्योग जगत के प्रतिनिधियों, वित्तीय संस्थानों और अन्य हितधारकों के बीच संवाद, नेटवर्किंग तथा अनुभव एवं जानकारी साझा करने के लिए मंच उपलब्ध कराने हेतु COWE इंडिया की सराहना की। उन्होंने उम्मीद जताई कि WISE 2026 के दौरान हुई चर्चाओं और विचार-विमर्श से महिला-नेतृत्व वाले उद्यमों, विशेषकर ग्रामीण क्षेत्रों में संचालित उद्यमों, के लिए नए और सार्थक अवसरों का मार्ग प्रशस्त होगा।

 

इस अवसर पर  COWE इंडिया की फाउंडर डायरेक्टर उमा घुर्का; COWE इंडिया की नेशनल प्रेसिडेंट नीरजा रेड्डी वेमुला; COWE इंडिया की नेशनल वाइस प्रेसिडेंट  ज्योत्सना चेरुवु; COWE दिल्ली चैप्टर की प्रेसिडेंट रेणु शर्मा; COWE इंडिया के सदस्य; उद्योग जगत के प्रतिनिधि, बैंकिंग क्षेत्र के प्रतिनिधि   सहित महिला उद्यमी भी उपस्थित रहीं। 

 

क्रमांक— 2026

 

 

 

 

 

 

विश्व पर्यटन दिवस, 27 सितम्बर पर विशेष

 

'घूमण आओ, हरियाणा देखो' के साथ हरियाणा में पर्यटन को नई पहचान देने की तैयारी

 

हरियाणा में विरासत से एडवेंचर और गांव से एआई तक पर्यटन की नई तस्वीर—42 पर्यटन परिसरों, 20 पर्यटन हब और गंतव्य क्षेत्रों पर फोकस

 

205.58 करोड़ रुपये का महाभारत अनुभव केंद्र, 38 फार्म टूरिज्म डेस्टिनेशन और 11 होमस्टे; सूरजकुंड में 53 देशों के 700 से अधिक प्रतिभागियों ने दिखाई वैश्विक भागीदारी

 

पर्यटन मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा बोले—पर्यटक हरियाणा से केवल गुजरें नहीं, यहां ठहरें, घूमें, हरियाणा की संस्कृति को महसूस करें और यादें लेकर लौटें

 

चंडीगढ़, 26 सितंबर। हरियाणा अब केवल देश के एक हिस्से से दूसरे हिस्से तक जाने का मार्ग नहीं, बल्कि अपने आप में एक आकर्षक पर्यटन गंतव्य बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। हरियाणा सरकार कुरुक्षेत्र में महाभारत और गीता की विरासत, पिंजौर के ऐतिहासिक उद्यान, सूरजकुंड की समृद्ध शिल्प परंपरा, मोरनी की पहाड़ियां, नारनौल-महेंद्रगढ़ की ऐतिहासिक धरोहर और गांवों की हरियाणवी संस्कृति को एक साथ जोड़कर प्रदेश के पर्यटन को नई पहचान देने की तैयारी कर रही है।

 

हरियाणा के विरासत एवं पर्यटन मंत्री डॉ. अरविंद कुमार शर्मा ने विश्व पर्यटन दिवस के अवसर पर कहा कि मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में प्रदेश सरकार का प्रयास है कि हरियाणा से पर्यटक केवल गुजरें नहीं, बल्कि यहां रुकें, घूमें, प्रदेश की संस्कृति और विरासत को करीब से जानें तथा ऐसे अनुभव लेकर लौटें कि वे दोबारा हरियाणा आने के लिए लालायित रहें। इसी सोच के साथ प्रदेश सरकार का नया संदेश है—‘घूमण आओ, हरियाणा देखो।’

 

उन्होंने कहा कि पर्यटन केवल घूमने-फिरने का माध्यम नहीं, बल्कि रोजगार, स्थानीय अर्थव्यवस्था और प्रदेश की सांस्कृतिक पहचान को मजबूत करने का महत्वपूर्ण जरिया है। इसलिए सरकार पर्यटन को होटल और पर्यटन परिसरों तक सीमित रखने के बजाय स्थानीय लोगों, किसानों, शिल्पकारों, गाइड, टैक्सी संचालकों, रेस्तरां और छोटे कारोबारियों से जोड़ने पर जोर दे रही है।

 

पर्यटन के नए क्षेत्रों पर फोकस

हरियाणा पारंपरिक हाईवे टूरिज्म से आगे बढ़कर विरासत, आध्यात्मिक एवं तीर्थ, इको, एडवेंचर, ग्रामीण एवं फार्म टूरिज्म, होमस्टे, गोल्फ, एमआईसीई और सांस्कृतिक पर्यटन को बढ़ावा दे रहा है। इसके लिए राज्य में 20 पर्यटन हब एवं गंतव्य क्षेत्रों की पहचान की गई है।

 

हरियाणा पर्यटन निगम के पास वर्तमान में 42 पर्यटन परिसरों का नेटवर्क है। इनमें 842 वातानुकूलित कमरे, आठ डोरमेट्री तथा 56 कॉन्फ्रेंस, मल्टीपर्पज, बैंक्वेट एवं कन्वेंशन हॉल शामिल हैं। निगम द्वारा 42 रेस्टोरेंट, पांच फास्ट फूड सेंटर और 15 पेट्रोल पंप भी संचालित किए जा रहे हैं।

 

एयरपोर्ट से शुरू होगी हरियाणा की पर्यटन यात्रा

कैबिनेट मंत्री डॉ. अरविंद कुमार शर्मा ने बताया कि पर्यटकों तक सीधी पहुंच बनाने के लिए 2 सितंबर 2026 को शहीद भगत सिंह अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे, मोहाली के आगमन टर्मिनल पर हरियाणा सरकार द्वारा पर्यटक सूचना एवं सुविधा केंद्र शुरू किया गया है। यहां पर्यटकों को हरियाणा के पर्यटन एवं विरासत स्थलों, आध्यात्मिक केंद्रों, पर्यटन सर्किट, होटल-रिसॉर्ट, मेलों और उत्सवों तथा बुकिंग से संबंधित जानकारी उपलब्ध कराई जा रही है।

सरकार का प्रयास है कि इस क्षेत्र में हवाई मार्ग से आने वाले पर्यटकों के यात्रा कार्यक्रम में हरियाणा को भी प्रमुख स्थान मिले।

 

एआई आधारित ‘सरस्वती’ डिजिटल गाइड से पर्यटन को तकनीक का साथ

पर्यटन क्षेत्र में आधुनिक तकनीक का उपयोग करते हुए एआई आधारित ‘सरस्वती’ डिजिटल गाइड को पर्यटन से जोड़ा गया है। इसके माध्यम से पर्यटक प्रदेश के पर्यटन स्थलों, इतिहास, धार्मिक एवं सांस्कृतिक विरासत, मेलों-उत्सवों, होटल और अन्य सुविधाओं की जानकारी संवादात्मक तरीके से प्राप्त कर सकेंगे। पर्यटकों की रुचि के अनुसार घूमने के स्थान और अनुभव चुनने में भी यह तकनीक मदद करेगी।

 

ज्योतिसर में 219 करोड़ रुपये से अधिक की दो प्रमुख परियोजनाएं

उन्होंने बताया कि सरकार द्वारा कुरुक्षेत्र को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर के आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित करने के लिए ज्योतिसर में महत्वपूर्ण परियोजनाएं पूरी की गई हैं। यहां 205.58 करोड़ रुपये की लागत से महाभारत अनुभव केंद्र विकसित किया गया है। इसके साथ 13.63 करोड़ रुपये की लागत से विराट स्वरूप लाइट एंड साउंड शो तैयार किया गया है।

दोनों परियोजनाओं पर कुल लागत 219 करोड़ रुपये से अधिक है। इनका उद्देश्य महाभारत और भारतीय सभ्यतागत विरासत को देश-विदेश के पर्यटकों, विद्यार्थियों, युवाओं और परिवारों के लिए आधुनिक एवं आकर्षक अनुभव के रूप में प्रस्तुत करना है।

 

सूरजकुंड—हरियाणा का वैश्विक सांस्कृतिक मंच

डॉ. अरविंद कुमार शर्मा ने बताया कि सूरजकुंड अंतरराष्ट्रीय शिल्प मेला हरियाणा की कला, संस्कृति और शिल्प परंपरा को वैश्विक मंच प्रदान कर रहा है। वर्ष 2026 में आयोजित 39वें सूरजकुंड अंतरराष्ट्रीय आत्मनिर्भर शिल्प मेले में 53 देशों के 700 से अधिक प्रतिभागियों ने भाग लिया। मिस्र भागीदार देश तथा उत्तर प्रदेश और मेघालय थीम राज्य रहे।

अब सूरजकुंड को केवल वार्षिक मेले तक सीमित रखने के बजाय वर्षभर सक्रिय सांस्कृतिक केंद्र के रूप में विकसित करने की संभावनाओं पर भी काम किया जा रहा है। मेला परिसर में विवाह एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित करने तथा सितंबर से दिसंबर के बीच अतिरिक्त मेले के आयोजन का प्रस्ताव भी है।

 

गांव और खेत बनेंगे पर्यटन के नए केंद्र

हरियाणा में ग्रामीण और फार्म टूरिज्म को बढ़ावा देने के लिए 38 फार्म टूरिज्म डेस्टिनेशन और 11 होमस्टे पंजीकृत हैं। इनके माध्यम से पर्यटकों को गांव का जीवन, खेती-किसानी, स्थानीय खान-पान, लोक संस्कृति और हरियाणवी मेहमाननवाजी का अनुभव उपलब्ध कराने की दिशा में काम किया जा रहा है।

 

पर्यटन मंत्री ने कहा कि पर्यटन से होने वाली आय का लाभ गांवों और स्थानीय समुदायों तक पहुंचना जरूरी है। इससे किसानों, शिल्पकारों, गाइड, परिवहन सेवाओं, रेस्तरां और छोटे कारोबारियों के लिए रोजगार एवं आय के नए अवसर पैदा होंगे।

 

एडवेंचर टूरिज्म को मिलेगा नया विस्तार

उन्होंने बताया कि युवाओं और एडवेंचर पसंद पर्यटकों के लिए हथिनीकुंड बैराज, टिक्कर ताल और रोहतक की तिल्यार झील को एडवेंचर स्पोर्ट्स हब के रूप में विकसित किया जा रहा है। यहां वाटर स्पोर्ट्स, बोटिंग, बनाना बोट, जेट स्कीइंग और कैंपिंग जैसी गतिविधियों को बढ़ावा दिया जा रहा है। वहीं, ढोसी की पहाड़ियों पर रोपवे का निर्माण भी प्रगति पर है। परियोजना के लिए 19 कनाल एक मरला भूमि अधिग्रहित की गई है तथा भूमि खरीद और यूटिलिटी शिफ्टिंग के लिए पर्यटन विभाग द्वारा 3.27 करोड़ रुपये की राशि उपलब्ध कराई गई है।

 

मेले और उत्सव बनाएंगे वर्षभर पर्यटन का माहौल

कैबिनेट मंत्री ने बताया कि हरियाणा पर्यटन को किसी एक मौसम या आयोजन तक सीमित न रखकर पूरे वर्ष सक्रिय रखने के लिए विभिन्न मेलों और उत्सवों को पर्यटन कैलेंडर से जोड़ा जा रहा है। इनमें सूरजकुंड अंतरराष्ट्रीय शिल्प मेला, बैसाखी उत्सव, पिंजौर आम मेला, तीज उत्सव, सूरजकुंड दीपावली मेला, भक्ति-सूफी उत्सव, अंतरराष्ट्रीय गीता महोत्सव, हरियाणवी संस्कृति उत्सव और खाद्य उत्सव शामिल हैं।

वर्ष 2026 का पिंजौर आम मेला 10 से 12 जुलाई तक आयोजित किया गया।

 

दुनिया को हरियाणा की विरासत और संस्कृति से जोड़ना लक्ष्य

डॉ. अरविंद शर्मा ने कहा कि हरियाणा की पहचान केवल उसके औद्योगिक और कृषि विकास से नहीं, बल्कि उसकी समृद्ध ऐतिहासिक, धार्मिक, सांस्कृतिक और प्राकृतिक विरासत से भी है। कुरुक्षेत्र महाभारत और गीता की कहानी सुनाता है, सूरजकुंड भारत की शिल्प एवं सांस्कृतिक विविधता का उत्सव मनाता है, पिंजौर इतिहास और स्थापत्य की झलक देता है, जबकि मोरनी और टिक्कर ताल प्रकृति और रोमांच का अनुभव कराते हैं। प्रदेश के गांव पर्यटकों को असली हरियाणा से जोड़ सकते हैं। 

उन्होंने कहा कि हरियाणा की विरासत प्राचीन है, लेकिन पर्यटन को लेकर सोच आधुनिक है। सरकार का प्रयास है कि नई तकनीक, बेहतर सुविधाओं और स्थानीय भागीदारी के माध्यम से हरियाणा को देश-विदेश के पर्यटकों के लिए आकर्षक गंतव्य बनाया जाए। उन्होंने दुनिया के पर्यटकों का आह्वान करते हुए कहा—“घूमण आओ, हरियाणा देखो और यहां की यादें अपने साथ ले जाओ।”

 

क्रमांक— 2026

 

 

 

 

 

सेवा संकल्प अभियान जरूरतमंदों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने का प्रभावी माध्यम: डिप्टी स्पीकर डॉ. कृष्ण लाल मिड्ढा

 

डिप्टी स्पीकर ने एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक लाने पर हथवाला गांव की पूजा समेत पूरी कबड्डी टीम को दी बधाई

 

चंडीगढ़, 26 सितम्बर — हरियाणा विधानसभा के डिप्टी स्पीकर डॉ. कृष्णलाल मिड्ढा ने कहा कि किसी भी अच्छी पहल को जन-जन तक पहुंचाने के लिए एक सशक्त माध्यम की आवश्यकता होती है। सेवा संकल्प अभियान के माध्यम से इस उद्देश्य के साथ आगे बढ़ाया जा रहा है। इस अभियान के तहत असहाय एवं जरूरतमंद लोगों, समाज की अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्तियों तथा बेजुबान जीवों की सहायता करने का संकल्प लिया गया है। उन्होंने कहा कि सेवा की भावना को केवल अभियान तक सीमित न रखते हुए इसे निरंतर जारी रखने की आवश्यकता है, ताकि जरूरतमंद लोगों को सरकारी योजनाओं एवं सेवाओं का लाभ सीधे, पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से मिल सके। 

विधानसभा उपाध्यक्ष डॉ. कृष्णलाल मिड्ढा शनिवार को जींद में अपने निवास पर जन सुनवाई कार्यक्रम के दौरान पत्रकारों के साथ बातचीत रहे थे। इस जनसुनवाई कार्यक्रम में क्षेत्र से सैंकड़ो की संख्या में लोग डिप्टी स्पीकर के समक्ष अपनी समस्या लेकर पंहुचे, जिनकी सुनवाई करते हुए उनके समाधान करवाने करने के लिए मौके पर ही सम्बंधित अधिकारियों को निर्देश दिये। 

डिप्टी स्पीकर ने कहा कि सेवा संकल्प अभियान का मूल उद्देश्य समाज के प्रत्येक वर्ग तक पहुंच बनाकर जरूरतमंद लोगों की सहायता करना तथा उन्हें सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं से जोड़ना है। उन्होंने कहा कि सरकार की योजनाओं का वास्तविक लाभ तभी सार्थक माना जाएगा, जब पात्र व्यक्ति तक उसका लाभ समय पर पहुंचे। इसी दिशा में विभिन्न विभागों द्वारा जिलेभर में सेवा एवं जनकल्याण से जुड़ी गतिविधियां आयोजित की जा रही हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ने विधानसभा चुनाव के दौरान जनता से जो संकल्प एवं वायदे किए थे, उनमें से लगभग अधिकतर कार्यो को पूरा किया जा चुका है। सरकार द्वारा जनहित में लागू की जा रही विभिन्न योजनाएं इसका प्रमाण हैं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह द्वारा गत दिनों 1 लाख 80 हजार तक की आय के परिवारों की पात्र महिलाओं के लिए लाडो लक्ष्मी योजना भी महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में सरकार की महत्वपूर्ण पहल है। इस प्रकार की योजनाओं का उद्देश्य पात्र परिवारों को आर्थिक एवं सामाजिक रूप से मजबूत बनाना है।

पत्रकारों द्वारा पूछे गए सवालों का जवाब देते हुए डिप्टी स्पीकर डॉ. कृष्णलाल मिड्ढा ने एशियन खेलों में भारतीय कबड्डी टीम के स्वर्ण पदक लाने पर हथवाला (जीन्द) गांव की बेटी पूजा समेत सभी खिलाड़ियों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि वे हरियाणा की बेटियों सहित पूरी भारतीय कबड्डी टीम को शानदार प्रदर्शन के लिए शुभकामनाएं देते हैं। उन्होंने कहा कि हरियाणा सरकार द्वारा खेलों और खिलाड़ियों को प्रोत्साहन देने के लिए बनाई गई खेल नीति के सकारात्मक परिणाम सामने आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि हरियाणा की बेटियां देश का नाम रोशन कर रही हैं और खेल के क्षेत्र में प्रदेश की पहचान को और मजबूत कर रही हैं। खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण, सुविधाएं और प्रोत्साहन मिलने से प्रदेश के युवाओं में खेलों के प्रति रुचि बढ़ी है। उन्होंने कहा कि खिलाड़ियों की मेहनत और सरकार की खेल नीति के परिणामस्वरूप हरियाणा के खिलाड़ी राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर निरंतर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर रहे हैं। डॉ. मिड्ढा ने कहा कि सरकार का प्रयास है कि युवाओं को शिक्षा के साथ-साथ खेलों के क्षेत्र में भी आगे बढ़ने के पर्याप्त अवसर मिलें। इसके लिए खेल मैदानों, प्रशिक्षण सुविधाओं तथा खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने की दिशा में निरंतर कार्य किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के खिलाड़ी अपनी मेहनत, अनुशासन और प्रतिभा के बल पर देश का गौरव बढ़ा रहे हैं।

 

क्रमांक— 2026

 

 

 

 

 

 

तप, संयम और आत्म-अनुशासन ही मानव जीवन की सबसे बड़ी पूंजी: मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी

 

पंजाब के होशियारपुर में बाबा श्री चंद जी महाराज के 532वें प्रकाश पर्व और सर्वधर्म सम्मेलन में शामिल हुए हरियाणा के मुख्यमंत्री

 

मुख्यमंत्री ने युवाओं से बाबा श्री चंद जी महाराज के जीवन से आत्म-अनुशासन और गुरु साहिबान से सेवा की प्रेरणा लेने का किया आह्वान

 

हरियाणा और पंजाब की सभ्यता, संस्कृति और संतों की विरासत साझी- मुख्यमंत्री

 

चंडीगढ़, 26 सितंबर- हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि तप, संयम और आत्म-अनुशासन ही मानव जीवन की सबसे बड़ी पूंजी है। असली विजय किसी दूसरे को हराने में नहीं, बल्कि अपने भीतर के क्रोध, लोभ, अहंकार और नफरत पर विजय पाने में है।

मुख्यमंत्री शनिवार को पंजाब के होशियारपुर में प्रथम पातशाह श्री गुरु नानक देव जी के बड़े साहिबजादे बाबा श्री चंद जी महाराज के 532वें प्रकाश पर्व और पूर्णमासी के पावन अवसर पर आयोजित 'सर्वधर्म सम्मेलन' को बतौर मुख्य अतिथि संबोधित कर रहे थे।

कार्यक्रम में पधारे संतों और धर्माचार्यों का अभिनंदन करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि अलग-अलग धर्मों की उपासना पद्धतियां, प्रार्थना के तरीके, वेशभूषा और भाषाएं भले ही भिन्न हो सकती हैं, लेकिन सबकी मंजिल एक ही है। मनुष्य के भीतर प्रेम जगाना, अहंकार को मिटाना, दुखी की सेवा करना और परमात्मा से जुड़ना है। यह सर्वधर्म सम्मेलन पंजाब की उस महान संस्कृति का जीवंत संदेश है जो दिलों को जोड़ती है और मानवता को सर्वोपरि रखती है।

 

मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने बाबा श्री चंद जी महाराज के जीवन पर प्रकाश डालते हुए कहा कि वर्ष 1494 में जन्मे बाबा श्री चंद जी का जीवन वैराग्य, तप और साधना की अद्भुत मिसाल है। संतों ने कठिन दौर में धार्मिक स्थलों की सेवा-संभाल करने के साथ-साथ श्री गुरु नानक देव जी के संदेशों को जन-जन तक पहुंचाने में अमूल्य योगदान दिया।

मुख्यमंत्री ने श्री गुरु नानक देव जी की 16वीं पीढ़ी के वंशज और कार्यक्रम के आयोजक श्रद्धेय बाबा सुखदेव सिंह बेदी जी का धन्यवाद व्यक्त किया, जिन्होंने इस पावन प्रकाश पर्व को सर्वधर्म सम्मेलन से जोड़कर सर्व-समाज को एक मंच पर लाने का कार्य किया है।

मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि हरियाणा और पंजाब केवल भौगोलिक रूप से ही पास नहीं हैं, बल्कि दोनों प्रदेशों की सभ्यता, संस्कृति और संतों की विरासत भी साझी है। हरियाणा की पावन धरती पर कुरुक्षेत्र, पिहोवा, कैथल, जींद, सिरसा और अंबाला जैसे अनेक स्थलों पर गुरु परंपरा और उदासी संतों की पावन स्मृतियां आज भी जीवंत हैं। पंजाब की धरा पर उन्हें सदैव अपनेपन और भाईचारे का अनुभव होता है।

 

मुख्यमंत्री ने चिंता व्यक्त की कि आज नशा, हिंसा, तनाव और भटकाव युवा शक्ति को कमजोर कर रहे हैं। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे बाबा श्री चंद जी महाराज से आत्म-अनुशासन, श्री गुरु नानक देव जी से सेवा और गुरु परंपरा से साहस सीखकर अपनी ऊर्जा को शिक्षा, खेल, रोजगार, उद्यम और राष्ट्र निर्माण में लगाएं।

गुरबाणी के संदेश ‘पवन गुरु, पानी पिता, माता धरत महत’ का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने धार्मिक आयोजनों को स्वच्छता, जल-संरक्षण और वृक्षारोपण से जोड़ने पर बल दिया। उन्होंने कहा कि प्रकाश पर्व के अवसर पर पौधा लगाना, किसी जरूरतमंद की सहायता करना और युवा को नशामुक्त बनाना ही बाबा श्री चंद जी के प्रति सच्ची श्रद्धा होगी।

क्रमांक-2026

 

 

 

 

 

 

 

कांग्रेस व आम आदमी पार्टी की गलत नीतियों के कारण ही आज पंजाब पीछे हो गया: मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी

 

कहा: एक मजबूत एवं विकसित प्रदेश बनाने के संकल्प के लिए एकजुट होकर कार्य करें

 

संत कबीर कुटीर पर पंजाब के नवांशहर से आए लोगों को मुख्यमंत्री ने किया संबोधित

 

पंजाब की जनता भाजपा की सरकार बनाने के लिए तैयार: मुख्यमंत्री

         

चंडीगढ़,26 सितम्बर। हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि पंजाब को नशा मुक्त बनाने के लिए यात्रा निकाली जा रही है। इसलिए पंजाब के लोगों को नशे के खिलाफ एकजुट होकर खड़े होना चाहिए ताकि पंजाब को नशामुक्त बनाने के साथ साथ आर्थिक रूप से भी सशक्त बनाया जा सके।

 

मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी संत कबीर कुटीर में नवांशहर से आए जन प्रतिनिधियों को सम्बोधित कर रहे थे। उन्होंने टैम्पो यूनियन के प्रधान कमलजीत राणा की टीम को पार्टी का प्रतीक पटका पहनाकर भाजपा में शामिल किया ओर पार्टी के परिवार शामिल होने पर बधाई एवं शुभकामनाएं दी। 

 

मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि कांग्रेस व आम आदमी पार्टी की गलत नीतियों के कारण ही आज पंजाब पीछे हो गया है। आम आदमी की सरकार कांग्रेस से भी ज्यादा भ्रष्टाचारी निकली है। इस सरकार ने पंजाब सूबे को बर्बाद करने का काम किया है। इसलिए अब सूबे की जनता ने पंजाब में प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भाजपा की सरकार बनाने और एक मजबूत एवं विकसित प्रदेश बनाने का दृढ निश्चय कर लिया है।

 

मुख्यमंत्री ने कहा कि आप व कांग्रेस ने युवाओं को रोजगार देने, भ्रष्टाचार व नशा मुक्त शासन, किसानों की खुशहाली वादा किया था, लेकिन अब इन खोखले वादो से जनता परेशान हो चुकी है। अब पंजाब की जनता ने बदलाव लाने का मन बना लिया है। उन्होंने कहा कि पंजाब की जनता ने गलत नीतियों के कारण कांग्रेस को बाहर का रास्ता दिखाया। अब आम आदमी की सरकार को भी बाहर का रास्ता दिखाएगी।

 

आप सरकार ने शहीद भगत सिंह का नाम लेकर भी झूठ बोला

मुख्यमंत्री ने कहा कि आप के मुखिया केजरीवाल ने ईमानदारी और 20 लाख युवाओं को रोजगार देने के साथ ही शहीद भगत सिंह का नारा दिया। जिससे लोग उनके बहकावे में आ गए। उसने भी पंजाब की जनता के साथ बड़ा धोखा किया है। सरदार भगत सिंह ने यह सोचकर कुर्बानी दी थी, कि हमारी आने वाली पीढियां खुली हवा में सांस लेकर सुरक्षित जीवन व्यतीत कर सकें। आप सरकार ने उनका भी अपमान करने का काम किया। पंजाब की जनता से इन्हें माफी मांगनी चाहिए कि शहीद भगत सिंह का नाम लेकर झूठ बोला है। मुख्यमंत्री ने कहा कि अब यह आम आदमी नहीं है, वह खास आदमी है जिसे युवाओं की कोई चिंता नहीं है।

 

उन्होंने कहा कि पंजाब प्रदेश नहीं, बल्कि संस्कृति, सोच का जज्बा है और देश का नम्बर एक का सूबा रहा है। यह गुरुओं, पीरों, शहीदों और वीरों की पवित्र भूमि है। यहां के लोग बड़े मेहनती हैं और आपसी प्यार व स्नेह के साथ जीवन व्यतीत करते हैं। 

 

श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि पंजाब की जनता ने उन्हें 5 साल का समय दिया। इस कार्यकाल में बेहतर कार्य कर जनता की सेवा करनी चाहिए थी। लेकिन आप व कांग्रेस सरकार ने केवल पंजाब व यहां के भोले लोगों को लूटने का काम किया है।

 

मुख्यमंत्री ने इस दौरान प्रदेश सरकार द्वारा हरियाणा में किये गए कामों का जिक्र करते हुए कहा कि हरियाणा में बीजेपी सरकार ने बिना पर्ची बिना खर्ची के युवाओं को रोजगार देकर मिसाल पेश की है। उन्होंने कहा कि पंजाब में भाजपा सरकार बनते ही हरियाणा की तर्ज पर विकास कार्य होंगे और सभी जनकल्याणकारी नीतियां को हूबहू क्रियांवित कर लोगों को लाभ दिया जाएगा।

 

मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा सरकार ने डंकी रूट के माध्यम से युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वालों पर शिंकजा कसते हुए कानून बनाया है। अगर कोई ऐसा करता है, तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। इतना ही नहीं, ऐसे एजेंटस के सेंटर को सील तक करने का काम सरकार करेगी। युवाओं को विदेशों में रोजगार दिलाने के लिए विदेश सेवा विभाग बनाया गया है। उन्होंने कहा कि यह विभाग युवाओं के लिए विदेशों से वैकेंसी लेकर आते हैं। इसके बाद युवाओं का चयन कर विदेशों में भेजा जाता है।

 

कार्यक्रम में संबोधित करते हुए प्रदेश के लोक निर्माण मंत्री श्री रणबीर गंगवा ने कहा कि हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी जहां भी प्रचार के लिए गए हैं, वहां पार्टी संगठन मजबूत हुआ है और सरकार बनाकर आए हैं। इससे पहले महाराष्ट्र, दिल्ली, आसाम में गए वहां भी भाजपा सरकार बनी। उन्होंने कहा कि अब पंजाब का दौरा कर रहे हैं, यहां भी भाजपा का कुनबा लगातार बढ़ रहा है। इससे स्पष्ट लगता है कि पंजाब में बदलाव का समय आ गया है।

 

श्री गंगवा ने कहा कि हरियाणा प्रदेश में वर्तमान सरकार ने जनता से किए वादे पूरे किए करने का काम किया हैं। पंजाब में भी सरकार बनते ही पहले दिन से बेहतर कार्य किए जाएगे और पंजाब को नशा मुक्त बनाने के साथ ही आर्थिक रूप से भी सशक्त एवं खुशहाल बनाया जाएगा।

 

इस अवसर पर नवांशहर जिला प्रभारी जितेन्द्र अटवाल, कपूर सिंह, कपिल कुणाल, अशोक बलौचा, दलीप सिंह, जावेद, बलविन्द्र, गौरवा गाबा, यादवेन्द्र, मुख्यमंत्री के ओएसडी बीबी भारती, राकेश संधु, विदेश सेवा सलाहाकार पवन चौधरी सहित पंजाब के गणमान्य मौजूद रहे।

क्रमांक 2026

 

 

 

 

 

*डबल इंजन की सरकार ने देश व प्रदेश में बिछाया सड़कों का जाल : मंत्री रणबीर गंगवा*

 

*राजौंदवासियों की मांग पर शहर की सड़क अब ब्लॉक की बजाय तारकोल से बनेगी*

 

*मंत्री ने अधिकारियों को एक सप्ताह में कार्य शुरू करने के दिए निर्देश*

 

चंडीगढ़, 26 सितंबर। हरियाणा के लोक निर्माण एवं जन स्वास्थ्य मंत्री श्री रणबीर गंगवा ने शनिवार को कैथल के कलायत स्थित लोक निर्माण विभाग के विश्राम गृह में राजौंद व कलायत क्षेत्र के लोगों की समस्याएं सुनीं। इस दौरान पूर्व मंत्री श्रीमती कमलेश ढांडा भी मौजूद रहीं।

 

मंत्री श्री रणबीर गंगवा ने राजौंद वासियों की मांग पर बड़ा निर्णय लेते हुए कहा कि राजौंद में करीब साढ़े तीन करोड़ रुपये की लागत से बनने वाली लगभग दो किलोमीटर लंबी सड़क अब ब्लॉक की बजाय तारकोल से बनाई जाएगी। उन्होंने मौके पर ही संबंधित विभाग के अधिकारियों से फोन पर बातचीत कर आगामी एक सप्ताह में सड़क निर्माण का कार्य शुरू करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सड़क का निर्माण कार्य तेज गति से पूरा किया जाए और निर्माण की गुणवत्ता में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए।

 

उन्होंने बताया कि 10 हजार या इससे अधिक आबादी वाले गांवों को महाग्राम योजना के तहत शामिल किया गया है। प्रदेश के करीब 150 गांव इस योजना के अंतर्गत आते हैं, जिनमें राजौंद भी शामिल है। महाग्राम योजना के तहत शहरों की तर्ज पर सीवरेज, पेयजल सहित अन्य सुविधाएं उपलब्ध करवाने का कार्य किया जा रहा है। राजौंद में भी सीवरेज व्यवस्था बिछाई गई है।

 

उन्होंने कहा कि सीवरेज कार्य के बाद मिट्टी के बैठने की संभावना को देखते हुए प्रारंभ में सड़क को ब्लॉक से बनाने का निर्णय लिया गया था, ताकि भविष्य में सड़क को नुकसान होने पर आवश्यकतानुसार मरम्मत की जा सके। लेकिन राजौंदवासियों और पूर्व मंत्री कमलेश ढांडा की मांग को ध्यान में रखते हुए अब सड़क को तारकोल से बनाने का निर्णय लिया गया है। उन्होंने कहा कि सड़क निर्माण का कार्य एक सप्ताह के अंदर शुरू करवा दिया जाएगा।

 

*प्रदेश में 30 हजार 717 किलोमीटर सड़कों का रखरखाव कर रहा लोक निर्माण विभाग:*

मंत्री श्री रणबीर गंगवा ने कहा कि लोक निर्माण विभाग द्वारा पूरे हरियाणा में करीब 30 हजार 717 किलोमीटर सड़कों का रखरखाव किया जा रहा है। इनमें से 16 हजार किलोमीटर से अधिक सड़कों का पैचवर्क एजेंसियों के माध्यम से करवाया जा रहा है। यदि कोई एजेंसी निर्धारित कार्य नहीं करती है तो उसकी बैंक गारंटी को कैश करवाकर विभाग द्वारा कार्य करवाया जाता है। उन्होंने बताया कि छह  किलोमीटर वाली सड़कों को कारपेटिंग के लिए शामिल किया गया है।

 

उन्होंने कहा कि प्रदेश में सड़क नेटवर्क को लगातार मजबूत किया जा रहा है, ताकि नागरिकों को आवागमन में किसी प्रकार की परेशानी न हो। हरियाणा के 23 जिले नेशनल हाईवे से जुड़े हुए हैं और प्रदेश की कनेक्टिविटी बेहतर हुई है।

 

*सेवा संकल्प अभियान के माध्यम से पात्र लोगों तक पहुंचाया जा रहा योजनाओं का लाभ*

मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में विभिन्न क्षेत्रों में विकास कार्य हुए हैं। देश में सड़कों का विस्तार, नए एयरपोर्ट, मेडिकल कॉलेज तथा अन्य आधारभूत सुविधाओं का विकास किया गया है।

 

उन्होंने कहा कि हरियाणा सरकार द्वारा 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक सेवा संकल्प अभियान चलाया जा रहा है। अभियान के तहत प्रदेशभर में विभिन्न गतिविधियां आयोजित की जा रही हैं, ताकि सरकारी योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्तियों तक पहुंचाया जा सके। सेवा सेतु अभियान के तहत सभी ब्लॉकों में अंत्योदय मेलों का आयोजन किया जा रहा है। सरकार एवं प्रशासन गरीब एवं जरूरतमंद लोगों को योजनाओं का लाभ देकर उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में कार्य कर रहे हैं। अभियान को सफल बनाने के लिए अधिकारियों एवं कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है। मंत्री ने लोक निर्माण विभाग के विश्राम गृह परिसर में पौधारोपण कर पर्यावरण का संदेश दिया। उन्होंने मौके पर मौजूद लोगों को कहा कि वह ज्यादा से ज्यादा पौधे लगाए क्योंकि पौधे हमें ऑक्सीजन देते हैं और जो कि हमारे जीवन के लिए काफी महत्वपूर्ण है।

 

इस अवसर पर पूर्व मंत्री कमलेश ढांडा, राजौंद नगर पालिका की चेयरपर्सन बबीता, सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।

 

क्रमांक 2026

 

 

 

 

 

 

एशियन गेम्स में हरियाणा की बेटियों का जलवा, तिरंगे की शान बढ़ा रहीं हैं बेटियां- खेल राज्य मंत्री गौरव गौतम

 

खेल मंत्री गौरव गौतम ने भारतीय महिला कबड्डी टीम और हरियाणा की खिलाड़ियों को दी शुभकामनाएं, कहा—पदकों के साथ लौटेंगी हरियाणा की बेटियां

एशियन गेम्स से वापस लौटने पर हरियाणा के खिलाड़ियों का किया जाएगा भव्य स्वागत और सम्मान

 

चंडीगढ़, 26 सितंबर- जापान के आइची-नागोया में आयोजित एशियन गेम्स-2026 में भारतीय खिलाड़ियों के शानदार प्रदर्शन के बीच हरियाणा की बेटियां देश का मान बढ़ा रही हैं। हरियाणा के खेल  राज्य मंत्री श्री गौरव गौतम ने एशियन गेम्स में भारतीय महिला खिलाड़ियों और विशेष रूप से हरियाणा की बेटियों के उत्कृष्ट प्रदर्शन पर उन्हें हार्दिक शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने कहा कि बेटियों ने अपनी मेहनत, प्रतिभा और जज्बे से एक बार फिर सिद्ध कर दिया है कि हरियाणा खेल प्रतिभाओं की जननी है।

खेल मंत्री ने कहा कि भारतीय महिला कबड्डी टीम में हरियाणा की छह बेटियों की मौजूदगी प्रदेश के लिए अत्यंत गर्व का विषय है। बेटियां आज न केवल खेल के मैदान में बल्कि हर क्षेत्र में देश का नेतृत्व कर रही हैं। कबड्डी टीम का यह प्रदर्शन टीमवर्क, अनुशासन और मजबूत इच्छाशक्ति का प्रतीक है। उन्होंने उम्मीद जताई कि हरियाणा के खिलाड़ी एशियन गेम्स से पदकों की बड़ी सौगात लेकर लौटेंगे।

गौरव गौतम ने बताया कि राज्य सरकार खिलाड़ियों को आधुनिक खेल सुविधाएं और अंतरराष्ट्रीय स्तर की कोचिंग उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। 'मिशन ओलंपिक-2036' के जरिए प्रदेश में खेल प्रतिभाओं को शुरुआती स्तर से तराशने पर विशेष जोर दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में 'खेलो इंडिया' जैसी योजनाओं से देश में खेलों का एक मजबूत वातावरण तैयार हुआ है, जिसका सीधा असर अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में देखने को मिल रहा है।

खेल मंत्री ने कहा कि एशियन गेम्स से लौटने पर प्रदेश के खिलाड़ियों का भव्य स्वागत और नागरिक अभिनंदन किया जाएगा। उन्होंने युवाओं से खेलों को व्यक्तित्व निर्माण का माध्यम बनाने की अपील की और कहा कि सरकार हर प्रतिभाशाली खिलाड़ी को आगे बढ़ने के समान अवसर प्रदान करती रहेगी।

क्रमांक-2026

 

 

 

 

 

 

विज़न2एक्शन पोर्टल पर विभागीय अधिकारियों का तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम हुआ संपन्न

 

चंडीगढ़, 26 सितंबर- हरियाणा विज़न-2047 के दूरगामी लक्ष्यों को व्यावहारिक विभागीय कार्ययोजनाओं से जोड़ने तथा उनकी नियमित निगरानी को अधिक प्रभावी बनाने के उद्देश्य से आयोजित तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। स्वर्ण जयंती हरियाणा वित्तीय प्रबंधन संस्थान, पंचकूला के तत्वावधान में सतत विकास लक्ष्य समन्वय एवं त्वरण केंद्र द्वारा आयोजित यह प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया।

संस्थान के महानिदेशक डॉ. राज नेहरू के मार्गदर्शन में आयोजित इस कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य राज्य के विभिन्न विभागों द्वारा तैयार की जा रही कार्ययोजनाओं को 'विज़न2एक्शन'  पोर्टल पर डिजिटल स्वरूप प्रदान करना था। प्रशिक्षण में हरियाणा सरकार के विभिन्न विभागों से नामित नोडल एवं बैकअप अधिकारियों ने भाग लिया।

कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों को अवगत कराया गया कि आगामी विभागीय समीक्षा बैठकों में योजनाओं की प्रगति का आकलन केवल विज़न2एक्शन पोर्टल के माध्यम से ही किया जाएगा। इसके लिए विभागों को अपनी कार्ययोजनाओं को निर्धारित आधिकारिक क्रम—विज़न थीम, विज़न इश्यू, विज़न पाथवे, तथा विभागीय कार्रवाई/प्रमुख कार्य-निष्पादन संकेतक के अनुरूप दर्ज करने के स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं।

प्रशिक्षण के दौरान अधिकारियों को पोर्टल पर पंजीकरण, विभाग चयन, आधाररेखा तय करने, वर्षवार लक्ष्य निर्धारण, तथा त्रैमासिक गतिविधियों को अद्यतन करने का व्यावहारिक अभ्यास कराया गया।

इस प्रशिक्षण का उद्देश्य आगामी समीक्षा बैठकों से पूर्व विभागीय आंकड़ों की सटीकता, पूर्णता और नियमित अपडेशन सुनिश्चित करना है, जिससे 'हरियाणा विज़न-2047' के संकल्पों को समयबद्ध तरीके से धरातल पर उतारा जा सके।

कार्यक्रम के सफल संचालन में संस्थान की राज्य कार्यक्रम अधिकारी डॉ. सविता मण्ढार और सतत विकास लक्ष्य केंद्र के प्रमुख विकास वर्मा की प्रमुख भूमिका रही। विषय विशेषज्ञ ऋषि राज शर्मा ने मुख्य प्रशिक्षक के रूप में अधिकारियों की तकनीकी जिज्ञासाओं का समाधान किया। इसके अतिरिक्त, तकनीकी एवं संचार व्यवस्था में अखिल शर्मा, दीक्षांत शर्मा और यशोजित कसेरा ने सहयोग प्रदान किया।

क्रमांक-2026

 

 

 

 

 

*पिहोवा-ढांड रोड फोरलेनिंग के लिए 734.35 लाख रुपए मंजूर*

 

*प्रदेश में बेहतर सड़क नेटवर्क के विस्तार को मिल रही गति : रणबीर गंगवा*

 

चंडीगढ़, 26 सितंबर। हरियाणा सरकार प्रदेश में सड़क ढांचे को मजबूत करने और आमजन को बेहतर एवं सुगम आवागमन की सुविधा उपलब्ध करवाने की दिशा में लगातार कार्य कर रही है। इसी कड़ी में कुरुक्षेत्र जिले में पिहोवा-ढांड रोड को आरडी 53.00 से आरडी 54.00 तक फोरलेन करने के लिए 734.35 लाख रुपए की प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान की गई है।

 

लोक निर्माण एवं जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंत्री श्री रणबीर सिंह गंगवा ने कहा कि बेहतर सड़क नेटवर्क किसी भी क्षेत्र के विकास की महत्वपूर्ण आधारशिला है। सरकार का प्रयास है कि प्रदेश में सड़कों को मजबूत, सुरक्षित और सुविधाजनक बनाया जाए, ताकि लोगों को आवागमन में किसी प्रकार की असुविधा न हो और विभिन्न क्षेत्रों के बीच कनेक्टिविटी और बेहतर हो।

 

उन्होंने बताया कि इस कार्य के तहत चालू वित्त वर्ष में यूटिलिटी शिफ्टिंग और वन स्वीकृति से संबंधित आवश्यक गतिविधियां की जाएंगी। विभाग द्वारा कार्य को आगे बढ़ाने के लिए आवश्यक प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

 

मंत्री श्री रणबीर गंगवा ने कहा कि प्रदेश में सड़क विकास से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाया जा रहा है, ताकि मौजूदा सड़क ढांचे को और सुदृढ़ किया जा सके तथा लोगों को बेहतर परिवहन सुविधाएं मिल सकें।

 

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