*लकी ओबेरॉय हत्याकांड में शामिल मुख्य आरोपी संक्षिप्त मुठभेड़ के बाद अमृतसर से गिरफ्तार; पिस्तौल बरामद*
- गिरफ्तार आरोपी शमिंदर सिंह ने भागने की कोशिश की, जवाबी गोलीबारी में हुआ घायल: डीआईजी संदीप गोयल
- बाकी आरोपियों को पकडऩे के लिए छापेमारी जारी: एसएसपी अमृतसर ग्रामीण सुहेल कासिम मीर
चंडीगढ़/अमृतसर, 7 फरवरी: मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के दिशा-निर्देशों के अनुसार पंजाब को सुरक्षित राज्य बनाने के लिए चलाई जा रही मुहिम के दौरान बड़ी सफलता हासिल करते हुए अमृतसर देहाती पुलिस ने अमृतसर के खासा क्षेत्र में एक संक्षिप्त मुठभेड़ के बाद लकी ओबेरॉय हत्याकांड में शामिल मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया और उसके कब्जे से बेरेटा .30 बोर पिस्तौल बरामद की है। यह जानकारी डिप्टी इंस्पेक्टर जनरल ऑफ पुलिस (डीआईजी) बॉर्डर रेंज संदीप गोयल ने दी।
गिरफ्तार आरोपी, जिसकी पहचान जालंधर के मिठापुर निवासी शमिंदर सिंह के रूप में हुई है, अपराध को अंजाम देने के समय एक्टिवा स्कूटर चला रहा था। उल्लेखनीय है कि शमिंदर सिंह का पुराना आपराधिक रिकॉर्ड है।
जानकारी के अनुसार सतविंदरपाल सिंह उर्फ लकी ओबेरॉय को शुक्रवार सुबह जालंधर के मॉडल टाउन स्थित गुरुद्वारा सिंह सभा की पार्किंग में एक सफेद एक्टिवा पर सवार अज्ञात हमलावरों ने गोली मार दी थी, जब वह माथा टेकने के बाद वापस जा रहे थे।
डीआईजी संदीप गोयल ने कहा कि घटना के तुरंत बाद अपराध में शामिल आरोपियों की पहचान और उनके ठिकानों का पता लगाने के प्रयास शुरू कर दिए गए थे।
उन्होंने बताया कि पुलिस को विश्वसनीय सूत्रों से जानकारी मिली कि शमिंदर सिंह ने हत्या के बाद गिरफ्तारी से बचने के लिए अमृतसर के खासा क्षेत्र में शरण ली हुई है। उन्होंने कहा कि इस जानकारी पर तुरंत कार्रवाई करते हुए अमृतसर देहाती पुलिस ने आसपास के इलाकों में नाके लगाए और जांच तेज कर दी।
अधिक विवरण साझा करते हुए सीनियर सुपरिंटेंडेंट ऑफ पुलिस (एसएसपी) अमृतसर देहाती सुहेल कासिम मीर ने कहा कि इस ऑपरेशन के दौरान जब पुलिस ने आरोपी को मोटरसाइकिल पर आते देखा तो पुलिस पार्टी ने उसे तुरंत रुकने का इशारा किया, जिसके चलते आरोपी घबरा गया और अपनी मोटरसाइकिल पीछे मोडऩे की कोशिश की, जिसमें वह नियंत्रण खो बैठा और गिर पड़ा।
उन्होंने कहा कि इसके बाद भागने की कोशिश में आरोपी ने पुलिस पार्टी पर खुलेआम गोलियां चला दीं, जिसके चलते स्व-रक्षा में पुलिस द्वारा जवाबी गोलीबारी की गई, जिसमें आरोपी गोली लगने से घायल हो गया। इसके बाद उसे गिरफ्तार कर इलाज के लिए अस्पताल भेज दिया गया।
एसएसपी ने कहा कि प्रारंभिक पूछताछ के दौरान आरोपी ने लकी ओबेरॉय हत्याकांड में एक अन्य व्यक्ति की संलिप्तता के बारे में भी महत्वपूर्ण खुलासे किए हैं। इन खुलासों के आधार पर शेष आरोपियों को पकडऩे के लिए और छापेमारी तथा आगे की कार्रवाई की जा रही है।
इस संबंध में पुलिस थाना जालंधर कमिश्नरेट डिवीजन 6 में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 103(1), 3(5) और 61(2) तथा आम्र्स एक्ट की धारा 25 और 27 के तहत एफआईआर नंबर 25 दिनांक 6/2/2026 पहले ही दर्ज की जा चुकी है।
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* गैंगस्टरों पर वार का 19वां दिन: पंजाब पुलिस ने 584 स्थानों पर की छापेमारी; 180 काबू
— पुलिस टीमों ने 112 व्यक्तियों विरुद्ध की एहतियाती कार्यवाही, 266 को पूछ- पड़ताल के बाद किया रिहा
— लोग गैंगस्टर विरोधी हेल्पलाइन नंबर 93946- 93946 के द्वारा गुप्त रूप में दे सकते हैं गैंगस्टर बारे जानकारी
— युद्ध नशे के विरुद्ध का 19वां दिन 95 नशा तस्कर 12.3 किलो हेरोइन समेत गिरफ़्तार
चंडीगढ़, 7 फरवरी: मुख्य मंत्री भगवंत सिंह मान के निर्देशों पर शुरू की गई निर्णायक मुहिम ’गैंगस्टरों पर वार’ को 19 वें दिन जारी रखते, पंजाब पुलिस ने आज सूबे भर में गैंगस्टरो के साथियों के पहचाने गए और मेप किए 584 टिकानों पर छापेमारी की।
जानकारी अनुसार, ‘ गैंगस्टरों पर वार’ - पंजाब को गैंगस्टर मुक्त राज्य बनाने के लिए निर्णायक जंग है, जिसकी शुरुआत 20 जनवरी, 2026 को पुलिस डायरैक्टर जनरल ( डीजीपी) पंजाब गौरव यादव ने की थी। एंटी- गैंगस्टर टास्क फोर्स ( ए.जी. टी. एफ.) पंजाब के पूरे तालमेल के साथ सभी जिलों की पुलिस टीमें राज्य भर में विशेष कार्यवाहिया कर रही हैं।
मुहिम के 19वें दिन पुलिस टीमों ने 180 व्यक्तियों को दो हथियारों समेत गिरफ़्तार किया, जिस के साथ मुहिम की शुरुआत से अब तक की कुल गिरफ्तारियों की संख्या 5290 हो गई है।
इसके इलावा 112 व्यक्तियों विरुद्ध एहतियाती कार्यवाही की गई, जबकि 266 व्यक्तियों को जांच और पूछताछ के बाद छोड़ दिया गया। पुलिस टीमों ने कार्यवाही दौरान 11 भगौड़े अपराधियों ( पीओ) को भी गिरफ़्तार किया है।
उन्होंने कहा कि लोग गुप्त रूप में ज़रुरी अपराधियों/ गैंगस्टरों बारे एंटी- गैंगस्टर हेल्पलाइन नंबर— 93946- 93946 के द्वारा रिपोर्ट कर सकते हैं और किसी भी तरह के अपराध और अपराधिक गतिविधियों बारे सूह/ जानकारी भी सांझा कर सकते है।
इस दौरान, पुलिस टीमों ने नशे के विरुद्ध अपनी मुहिम ‘ युद्ध नशे के विरुद्ध’ के 19वें दिन आज 95 नशे तस्करों को गिरफ़्तार किया गया और उनके कब्ज़े में से 12.3 किलो हेरोइन, 160 किलोग्राम भुक्की, 321 नशीली गोलियां/ कैप्सूल और 2640 रुपए की ड्रग मनी बरामद की गई। इसके साथ सिफऱ् 343 दिनों में गिरफ़्तार किए गए कुल नशे तस्करों की संख्या 48,096 हो गई है। नशा छुड़ाओ मुहिम के अंतर्गत पंजाब पुलिस ने आज 29 व्यक्तियों को नशा छुड़ाओ और पुनर्वास इलाज करवाने के लिए राज़ी किया है।
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*यूपी निवासी सहित संगठित नशा नेटवर्क से जुड़े दो व्यक्ति गुरदासपुर से गिरफ्तार; 11 किलो हेरोइन, 5.7 लाख रुपये की ड्रग मनी बरामद*
—भारत में अपने हैंडलरों के माध्यम से पाकिस्तान स्थित हैंडलरों के संपर्क में थे गिरफ्तार आरोपी: डीजीपी गौरव यादव
—आगे की जांच जारी; आने वाले दिनों में और गिरफ्तारियां होने की संभावना: एसएसपी गुरदासपुर आदित्य
चंडीगढ़/गुरदासपुर, 7 फरवरी: मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के निर्देशों पर पंजाब को नशा मुक्त राज्य बनाने के लिए चलाई जा रही मुहिम के दौरान बड़ी सफलता हासिल करते हुए गुरदासपुर पुलिस ने संगठित नशा नेटवर्क के 2 कार्यकर्ताओं को 11 किलो हेरोइन और 5.75 लाख रुपये की ड्रग मनी सहित गिरफ्तार कर इन गिरोहों का पर्दाफाश किया है। यह जानकारी डायरेक्टर जनरल ऑफ पुलिस पंजाब गौरव यादव ने आज यहां दी।
गिरफ्तार किए गए व्यक्तियों की पहचान उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जिले के कासिमपुर निवासी मुहम्मद वसीम और अमृतसर निवासी हरशदीप सिंह उर्फ हरश के रूप में हुई है। पुलिस टीमों ने हेरोइन और ड्रग मनी बरामद करने के अलावा आरोपियों की सफेद रंग की होंडा सिटी कार (आरजे45 सीआर 2918) और हुंडई वरना कार (सीएच01ए जेड 0888) भी जब्त की है, जिनका इस्तेमाल वे नशीले पदार्थों की तस्करी के लिए करते थे।
डीजीपी गौरव यादव ने कहा कि प्रारंभिक जांच से पता चला है कि गिरफ्तार किए गए मुलजिम भारत में अपने हैंडलरों के जरिए पाकिस्तान स्थित हैंडलरों के संपर्क में थे। उन्होंने कहा कि नेटवर्क के आगे-पीछे के संबंधों का पता लगाने के लिए और जांच की जा रही है।
पहले मामले के संबंध में विस्तार से जानकारी देते हुए सीनियर पुलिस सुपरिंटेंडेंट (एसएसपी) गुरदासपुर आदित्य ने बताया कि गुप्त सूचना पर कार्रवाई करते हुए आरोपी हरशदीप हरश को गुरदासपुर के गांव चिट्टी के पास से 8 किलो हेरोइन और 3.5 लाख रुपये की ड्रग मनी के साथ गिरफ्तार किया गया था, जब वह अपनी वरना कार में हेरोइन की खेप डिलीवरी करने जा रहा था।
एसएसपी ने बताया कि इसी तरह की एक अन्य कार्रवाई में आरोपी मुहम्मद वसीम को दीनानगर में पनियार शुगर मिल के पास नाके पर गिरफ्तार किया गया था। उन्होंने कहा कि उसकी होंडा सिटी कार की तलाशी के दौरान 6 पैकेटों में पैक की गई हेरोइन, जिसका वजन 3 किलो था और 2.25 लाख रुपये की ड्रग मनी बरामद की गई।
उन्होंने कहा कि आगे की जांच जारी है और आने वाले दिनों में और गिरफ्तारियां होने की संभावना है।
इस संबंध में दो अलग-अलग मामले
एफआईआर नंबर 32 दिनांक 7 फरवरी, 2026 को एनडीपीएस एक्ट की धारा 21सी और 27ए के तहत थाना दीनानगर में और एफआईआर नंबर 11 दिनांक 7 फरवरी, 2026 को एनडीपीएस एक्ट की धारा 21सी और 27ए के तहत थाना दोरांगला में दर्ज किए गए हैं:
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पंजाब शिक्षा क्रांति: राज्यव्यापी माता-पिता वर्कशॉप में 17.5 लाख से अधिक माता-पिताओं की भागीदारी के साथ भगवंत मान सरकार ने राष्ट्रीय स्तर पर नया मानक स्थापित किया; वर्कशॉप के दौरान तनाव-मुक्त परीक्षाओं की तैयारी और नशों के खिलाफ जागरूकता पर केंद्रित किया गया ध्यान
- प्रभावी शिक्षा पहल: भगवंत मान सरकार ने एक दिन में पंजाब के सभी सरकारी स्कूलों में माता-पिताओं, शिक्षकों और अधिकारियों को एकजुट किया
- वर्कशॉप के सुचारू संचालन के लिए 3,000 से अधिक अधिकारी और 40,000 शिक्षकों ने छात्रों के माता-पिताओं से बातचीत की: बैंस
- शिक्षा मंत्री सहित पांच कैबिनेट मंत्री और 40 से अधिक विधायक अपने-अपने क्षेत्रों में वर्कशॉप में शामिल हुए
- हरजोत सिंह बैंस ने श्री आनंदपुर साहिब क्षेत्र के सरकारी हाई स्कूल मानकपुर में वर्कशॉप का नेतृत्व किया
चंडीगढ़, 7 फरवरी: पंजाब के स्कूल शिक्षा मंत्री श्री हरजोत सिंह बैंस ने बताया कि सामुदायिक भागीदारी को प्रोत्साहित करने की महत्वपूर्ण पहल के तहत पंजाब स्कूल शिक्षा विभाग ने आज दूसरी राज्यव्यापी स्कूल-स्तरीय पैरेंट्स (माता-पिता) वर्कशॉप आयोजित की, जिसमें 17.50 लाख से अधिक माता-पिता शामिल हुए।
इस संबंध में जानकारी साझा करते हुए श्री बैंस ने कहा कि स्टेट काउंसिल ऑफ एजुकेशनल रिसर्च एंड ट्रेनिंग (एस.सी.ई.आर.टी.) के नेतृत्व में शुरू की गई इस मेगा पहल ने राज्य की शिक्षा प्रणाली में माता-पिताओं की भागीदारी के लिए एक नया मानक स्थापित किया है, जो पंजाब शिक्षा क्रांति के अंतर्गत शिक्षा के स्तर को और ऊंचा उठाने के लिए मुख्यमंत्री श्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली सरकार की सहभागी शिक्षा के प्रति प्रतिबद्धता को और मजबूत करती है। उन्होंने कहा कि यह पहल पंजाब शिक्षा क्रांति के तहत छात्रों के शैक्षिक सफर में माता-पिताओं को सक्रिय भागीदार बनाने का उद्देश्य रखती है।
शिक्षा मंत्री श्री हरजोत सिंह बैंस ने श्री आनंदपुर साहिब क्षेत्र के सरकारी हाई स्कूल, मानकपुर (नंगल) में इस वर्कशॉप में भाग लेते हुए माता-पिताओं और स्कूल के बीच साझेदारी को और मजबूत करने तथा छात्रों के समग्र विकास को प्रोत्साहित करने के इरादे से माता-पिताओं और छात्रों से बातचीत की। उन्होंने आगे बताया कि इस वर्कशॉप का उद्देश्य माता-पिताओं को तनाव-मुक्त परीक्षा तैयारियों संबंधी रणनीतियों से सशक्त बनाना, सकारात्मक रवैये के माध्यम से बच्चों का आत्मविश्वास बढ़ाना और पंजाब की ‘युद्ध नशेयां विरुद्ध’ मुहिम, जिसमें शीघ्र पता लगाना, रोकथाम और सहायता पर ध्यान केंद्रित करना शामिल है, के तहत नशों की रोकथाम के बारे में जागरूकता पैदा करना था।
उन्होंने आगे कहा कि कैबिनेट मंत्री डॉ. बलजीत कौर, श्री लालचंद कटारूचक, श्री तरुनप्रीत सिंह सौंद और श्री हरदीप सिंह मुंडियां तथा 40 से अधिक विधायकों ने अपने-अपने क्षेत्रों में इन वर्कशॉपों में भाग लेकर शिक्षा प्रणाली की मजबूती और समर्थन के प्रति सामुदायिक भागीदारी को प्रोत्साहित करने के लिए राज्य सरकार की दृढ़ प्रतिबद्धता व्यक्त की।
श्री बैंस ने कहा कि दिसंबर 2025 में आयोजित पहली वर्कशॉप की शानदार सफलता के आधार पर आज आयोजित इस दूसरी वर्कशॉप ने स्कूलों और छात्रों के माता-पिताओं के बीच एक मजबूत साझेदारी को प्रोत्साहित किया, जिसमें माता-पिताओं को अपने बच्चे की शैक्षिक प्रगति के बारे में जानने की इच्छा रखने और होम लर्निंग के समर्थन के बारे में जागरूक किया गया।
श्री बैंस ने बताया कि वर्कशॉप की सफलता सुनिश्चित करने के लिए स्कूल शिक्षा विभाग ने इस आयोजन की निगरानी और सुचारू संचालन के लिए निदेशकों और डी.ई.ओ. सहित 3,000 से अधिक वरिष्ठ अधिकारियों को तैनात किया था। उल्लेखनीय है कि इन वर्कशॉपों के लिए पहले ही लगभग 40,000 शिक्षकों को इस वर्कशॉप के बारे में प्रशिक्षण दिया गया था ताकि वास्तविक अर्थों में इस पहल के सकारात्मक प्रभाव को सुनिश्चित किया जा सके।
शिक्षा के स्वरूप को बदलने और एक शिक्षित व जागरूक युवा पीढ़ी तैयार करने के लिए स्कूल और माता-पिताओं के बीच तालमेल व सहयोग के प्रभाव को उजागर करते हुए श्री हरजोत सिंह बैंस ने कहा कि यह वर्कशॉप बच्चों की शैक्षिक सफलता और समग्र स्वास्थ्य के लिए आवश्यक एक सहयोगी घरेलू माहौल सृजित करने के हमारे मिशन का आधार है।
- प्रभावी शिक्षा पहल ने पंजाब के सभी सरकारी स्कूलों में माता-पिताओं, शिक्षकों और अधिकारियों को एकजुट किया
भगवंत मान सरकार की राज्यव्यापी पैरेंट्स वर्कशॉप एक सफल कार्यक्रम साबित हुई, जिसमें एक दिन में राज्य के सभी सरकारी स्कूलों में 17.50 लाख से अधिक माता-पिताओं ने भाग लिया। इस दूसरी राज्यव्यापी पैरेंट्स वर्कशॉप में 3,000 से अधिक वरिष्ठ अधिकारियों की तैनाती और लगभग 40,000 प्रशिक्षित शिक्षकों की मौजूदगी ने इसके सुचारू संचालन को सुनिश्चित किया। इस कार्यक्रम में पांच कैबिनेट मंत्रियों और 40 से अधिक विधायकों ने भाग लिया और प्रत्येक स्कूल में 1 से 1.5 घंटे के सत्र आयोजित किए गए, जो पंजाब शिक्षा क्रांति पहल के अंतर्गत राजनीतिक प्रतिबद्धता, प्रशासनिक तैयारी और सामुदायिक भागीदारी के संयोजन को दर्शाता है।
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