‘गैंगस्टरां ते वार’ का 24वां दिन: पंजाब पुलिस ने 888 स्थानों पर छापेमारी की; 256 गिरफ्तार
- पुलिस टीमों ने 129 व्यक्तियों के खिलाफ एहतियान कार्रवाई की, 239 को जांच के बाद रिहा किया
- लोग एंटी गैंगस्टर हेल्पलाइन नंबर 93946-93946 के माध्यम से गुप्त रूप से गैंगस्टरों से संबंधित जानकारी दे सकते हैं
- ‘युद्ध नशेंया विरुद्ध’ के 349वें दिन 3.9 किलो हेरोइन सहित 76 नशा तस्कर गिरफ्तार
चंडीगढ़, 13 फरवरी: मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के निर्देशों के तहत शुरू की गई निर्णायक ‘गैंगस्टरां ते वार’ मुहिम के 24वें दिन, पंजाब पुलिस ने आज पूरे राज्य में गैंगस्टरों के सहयोगियों से जुड़े पहचाने गए और मैप किए गए ठिकानों पर 888 छापेमारियां कीं।
जानकारी के अनुसार, ‘गैंगस्टरां ते वार’ - पंजाब को गैंगस्टर मुक्त राज्य बनाने के लिए छेड़ी गई एक निर्णायक जंग - 20 जनवरी, 2026 को डायरेक्टर जनरल ऑफ पुलिस (डीजीपी) पंजाब गौरव यादव द्वारा शुरू की गई थी। इसके तहत सभी जिलों की पुलिस टीमों द्वारा एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स (एजीटीएफ) पंजाब के समन्वय से पूरे राज्य में विशेष कार्रवाई की जा रही हैं।
इस मुहिम के 24वें दिन, पुलिस टीमों ने 256 व्यक्तियों को गिरफ्तार किया। इसके साथ ही मुहिम की शुरुआत से अब तक गिरफ्तार किए गए व्यक्तियों की कुल संख्या 9,012 हो गई है।
इसके अलावा 129 व्यक्तियों के खिलाफ एहतियातन कार्रवाई की गई, जबकि 239 व्यक्तियों की जांच की गई और पूछताछ के बाद उन्हें रिहा कर दिया गया। पुलिस टीमों द्वारा कार्रवाई के दौरान 7 भगोड़े अपराधी (पीओ) को भी गिरफ्तार किया गया है।
वांछित अपराधियों/गैंगस्टरों के बारे में जानकारी और अपराध तथा आपराधिक गतिविधियों के बारे में सूचना देने के लिए लोग गुप्त रूप से एंटी गैंगस्टर हेल्पलाइन नंबर 93946-93946 के माध्यम से संपर्क कर सकते हैं।
उल्लेखनीय है कि पुलिस टीमों ने नशों के खिलाफ अपनी मुहिम ‘युद्ध नशेयां विरुद्ध’ को 349वें दिन भी जारी रखा है, जिसमें शुक्रवार को 76 नशा तस्करों को गिरफ्तार किया गया और उनके कब्जे से 3.9 किलो हेरोइन, 7 किलो भुक्की, 526 नशीली गोलियां/कैप्सूल और 11,500 रुपये की ड्रग मनी बरामद की गई। इससे केवल 349 दिनों में गिरफ्तार किए गए कुल नशा तस्करों की संख्या 49,440 हो गई है। नशा छुड़ाने की मुहिम के हिस्से के रूप में पंजाब पुलिस ने आज 36 व्यक्तियों को नशा छुड़ाने और पुनर्वास के इलाज के लिए राजी किया है।
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* श्री आनंदपुर साहिब होले मुहल्ले के लिए पूरी तरह तैयार; हरजोत सिंह बैंस ने व्यापक प्रबंधों के दिए आदेश*
* क शिक्षा मंत्री बैंस की तरफ से अधिकारियों को संगत की सुविधा के लिए टैंट सिटी, ट्राली सिटी बनाने और संगत के लिए बस और आटो- रिक्शा सेवा शुरू करने के आदेश*
* क बैंस ने श्री आनंदपुर साहिब में संगत के लिए साजग़ार और आध्यात्मिक अनुभव यकीनी बनाने की वचनबद्धता दोहराई
चंडीगढ़/ श्री आनंदपुर साहिब, 13 फरवरी: होले मोहल्ले के पवित्र मौके श्री आनंदपुर साहिब में लाखों की संख्या मं; पहुंचने वाली संगत के मद्देनजऱ पंजाब के शिक्षा मंत्री स.हरजोत सिंह बैंस ने रूपनगर जिले के अधिकारियों को टैंट सिटी, ट्राली सिटी, समर्पित पार्किंग ज़ोन बनाने के इलावा संगत की आसान यात्रा के लिए शटल बस और आटो-रिक्शा सेवा शुरू करने और अन्य ज़रुरी प्रबंध करने के निर्देश दिए है ताकि आने वाली सारी संगत के लिए आध्यात्मिक माहौल को यकीनी बनाया जा सके।
सिख परंपराओं के शानदार जशन संबंधी तैयारियों का जायज़ा लेने के लिए रूपनगर जि़ला प्रशासन के साथ बैठक की अध्यक्षता करते हुए स. हरजोत सिंह बैंस ने मुख्य मंत्री स.भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार की पवित्र नगरी में लाखों की संख्या में आने वाली संगत की सुविधा प्रति वचनबद्धता पर ज़ोर दिया। उन्होंने बुनियादी ढांचे और भारी सभा के प्रबंधन के लिए रणनीतियों की विस्तृत समीक्षा की। समीक्षा दौरान यह यकीनी बनाया गया कि तीन दिन समागम दौरान सिख धर्म के मूल सिद्धांतों को बरकरार रखा जाए।
स. बैंस ने बताया कि जि़ला प्रशासन को आठ एकड़ में टैंट सिटी, एक समर्पित ट्राली सिटी, 60 शटल बसें, 100 ई- रिक्शा, पैदल चलने वालों के लिए रास्ते वाली और 25 पार्किंग ज़ोन स्थापित करने के निर्देश दिए गए है।
स. हरजोत सिंह बैंस ने संबंधित सीनियर आधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि तख़्त श्री केसगढ़ साहिब में नतमस्तक होने वाली संगत के लिए उचित यातायात यकीनी जाए, आस-पास को साफ़-सुथरा रखा जाए और संगत को किसी भी तरह की असुविधा न होने दी जाए।
स.बैंस ने कहा, " हम मिल कर एक ऐसा माहौल सृजित करना चाहते है जहां श्रद्धा भावना पर ध्यान केन्द्रित किया जाए। हम अपनी योजनाबंदी में कोई कसर नहीं छोड़ेंगे। संगत की सुविधा के लिए आठ एकड़ में फैली टैंट सिटी से लेकर शटल बसों के बेड़े तक हर लौजिस्टिकल सहायता के लिए पुख़्ता प्रबंध किए गए है। प्रशासन को स्पष्ट निर्देश जारी किए गए है कि उचित यातायात, साफ़- सुथरा वातावरण यकीनी बनाया जाए और संगत को किसी भी असुविधा का सामना न करना पड़े। " स.बैंस ने कहा कि जि़ला प्रशासन को हाई अलर्ट पर रखा गया है जिससे होले मुहल्ले दौरान सारा सिस्टम उचित ढंग के साथ काम करे।
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* भगवंत मान सरकार द्वारा श्री गुरु रविदास जी के 650वें प्रकाश पर्व के लिए साल भर का रोडमैप तैयार: हरपाल सिंह चीमा*
* 650वें प्रकाश पर्व समागमों के हिस्के तौर पर 4 बड़ी शोभा यात्राएं श्री खुरालगढ़ साहिब में होंगी नतमस्तक: हरपाल सिंह चीमा*
* पंजाब सरकार द्वारा 650वें प्रकाश पर्व को समर्पित वाराणसी स्थित श्री गुरु रविदास जी के जन्म स्थान के लिए तीर्थ यात्राएं और जि़ला स्तरीय ड्रोन शो करवाए जाएंगे: हरपाल सिंह चीमा*
* 650वीं शताब्दी मौके प्रति जि़ला 6. 5 लाख पौधे लगाने, खूनदान कैंप और कीर्तन समागम करवाने की योजना: हरपाल सिंह चीमा*
‘ बेगमपुरा’ का संदेश फैलाने के लिए स्कूलों, कालेजों और यूनिवर्सिटियों में युवाओं पर केंद्रित सैमीनार करवाए जाएंगे: हरपाल सिंह चीमा
चंडीगढ़, 13 फरवरी 2026: वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा की अध्यक्षता में पंजाब कैबिनेट की सब- समिति ने आज यहां श्री गुरु रविदास जी के 650वें प्रकाश पर्व को मनाने के लिए साल भर के विस्तृत रोडमैप को अंतिम रूप देने के लिए अपनी दूसरी बैठक की। इस बैठक में इन समागमों को विश्व स्तर पर ले कर जाने और गुरू साहिब के बराबरी, मानवता एंव भक्ति के संदेश को राज्य के प्रत्येक कोने और इससे बाहर तक पहुंचाने का पक्का अहद लिया गया।
बैठक के दौरान वित्त मंत्री एडवोकेट हरपाल सिंह चीमा, कैबिनेट मंत्री डा. रवजोत सिंह, कैबिनेट मंत्री तरुणप्रीत सिंह सौंद, पर्यटन विभाग के सलाहकार दीपक बाली और विशेष इनवायटी पवन टीनूं ने महीनावार प्रोगरामों के प्रबंधों के बारे में विस्तार से चर्चा की, जिससे यह सुनिश्चित बनाया जा सके कि इन प्रोगरामों में आध्यात्मिक श्रद्धा, शैक्षिक प्रसार और समाज भलाई पहलकदमियों का संतुलित सुमेल हो।
समागमों के आध्यात्मिक पहलू पर प्रकाश डालते हुए वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने कहा, " हमारा उदेश्य इस ऐतिहासिक मौके को ऐसे स्तर पर मनाना है जो समाज पर श्री गुरु रविदास जी की शिक्षाओं के गहरे प्रभाव को दर्शाता है। हम यह यकीनी बनाने के लिए वचनबद्ध है कि प्रत्येक नागरिक, विशेष कर हमारे युवा,'बेगमपुरा' के संदेश - एक ऐसा समाज जो दुखों और भेदभाव से मुक्त हो- के साथ जुड़े। "
कैबिनेट सब- समिति ने वाराणसी, फरीदकोट, जम्मू और बठिंडा से चार बड़ी शोभा यात्राएं निकालने का निर्णय किया है, जो गुरू जी के पवित्र तप स्थान श्री खुरालगढ़ साहिब में नतमस्तक होंगी। पंजाब के अलग- अलग हिस्सों से श्रद्धालुओं को वाराणसी स्थित श्री गुरु रविदास जी के जन्म स्थान मंदिर के दर्शनों के लिए तीर्थ यात्राओं की सुविधा देने का भी फ़ैसला लिया गया।
गुरू जी का दर्शन नई पीढ़ी तक सार्थक ढंग से पहुंचाने के लिए सब- समिति ने राज्य के स्कूलों, कालेजों और यूनिवर्सिटियों में श्री गुरु रविदास जी के जीवन और शिक्षाओं पर सैमीनार करवाने की मंजूरी दी। इस रोडमैप में हर जिले में ड्रोन शो और गांवों में डाक्यूमेंट्री फिल्मों की स्क्रीनिंग के द्वारा नवीनताकारी प्रचार भी शामिल है, जिससे आधुनिक प्रौद्यौगिकी के द्वारा जागरूकता बढाई जा सके।
वातावरण की संभाल और समाज सेवा प्रति अपनी वचनबद्धता को दोहराते हुए, कैबिनेट सब-समिति ने 650वीं शताब्दी को समर्पित हर जिले में 6.5 लाख पौधे लगाने की मुहिम शुरू करने के बारे में विचार- विर्मश किया। साल भर चलने वाले इन समागमों के हिस्के तौर पर सामाजिक सांझ और शारीरिक तंदरुस्ती को उत्साहित करने के लिए राज्य व्यापक खूनदान कैंप, मैराथन, साइकिल रैलियां और विशाल कीर्तन समागम भी करवाए जाएंगे।
इस बैठक में मुख्य मंत्री पंजाब के विशेष प्रमुख सचिव और पर्यटन विभाग के सचिव कुमार अमित, पर्यटन विभाग के डायरैक्टर संजीव तिवाड़ी और डिप्टी डायरैक्टर यशपाल शर्मा भी उपस्थित थे।
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विजिलेंस ब्यूरो द्वारा दो सीनियर इंडस्ट्रियल प्रमोशन अधिकारियों और एक ट्रेड असिस्टेंट 30,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों काबू
चंडीगढ़, 13 फरवरी, 2026: पंजाब विजिलेंस ब्यूरो ने राज्य में भ्रष्टाचार के खिलाफ चल रही अपनी मुहिम के दौरान जिला उद्योग केंद्र कार्यालय, लुधियाना में तैनात सीनियर इंडस्ट्रियल प्रमोशनल ऑफिसर जसपाल सिंह और रिशव गर्ग तथा जिला उद्योग केंद्र कार्यालय, लुधियाना में तैनात ट्रेड असिस्टेंट अंतरप्रीत सिंह को 30,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है।
आज यहां इस संबंध में जानकारी देते हुए राज्य विजिलेंस ब्यूरो के आधिकारिक प्रवक्ता ने बताया कि उपरोक्त आरोपियों को फोकल पॉइंट, लुधियाना के निवासी द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत के आधार पर गिरफ्तार किया गया है।
उन्होंने कहा कि शिकायतकर्ता फोकल पॉइंट, लुधियाना में एक प्रोडक्शन यूनिट चलाता है। प्रवक्ता ने बताया कि शिकायतकर्ता ने अपनी यूनिट के संबंध में प्रोडक्शन प्रमाणपत्र की सही तारीख के लिए आवेदन दिया था और इस प्रमाणपत्र को जारी करने के बदले उपरोक्त आरोपियों ने शिकायतकर्ता से 45,000 रुपये की रिश्वत मांगी। उन्होंने बताया कि शिकायतकर्ता ने उपरोक्त आरोपियों द्वारा रिश्वत मांगने संबंधी हुई सारी बातचीत रिकॉर्ड कर ली।
शिकायत की प्रारंभिक जांच के बाद विजिलेंस ब्यूरो की टीम ने एक जाल बिछाया, जिसमें तीनों आरोपियों को दो सरकारी गवाहों की मौजूदगी में शिकायतकर्ता से 30,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया गया।
इस संबंध में उपरोक्त आरोपियों के खिलाफ विजिलेंस ब्यूरो के थाना लुधियाना में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है और इस मामले की आगे की जांच जारी है।
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भगवंत मान सरकार द्वारा 180 ई.टी.टी. शिक्षक एसोसिएशन के मुद्दों के समाधान की प्रक्रिया तेज
- 180 ई.टी.टी. शिक्षकों की मांगों के समाधान के लिए वित्त और शिक्षा विभागों की आपातकालीन संयुक्त बैठक के आदेश: हरपाल सिंह चीमा
- भगवंत मान सरकार 180 ई.टी.टी. शिक्षक यूनियन की जायज मांगों को बिना किसी देरी के हल करने के लिए प्रतिबद्ध: हरपाल सिंह चीमा
- कानूनी और वित्तीय पहलुओं को ध्यान में रखते हुए 180 ई.टी.टी. शिक्षकों के मुद्दों पर फैसला लिया जाएगा: हरपाल सिंह चीमा
- शिक्षक एसोसिएशन के मुद्दों के सुखद समाधान के लिए अंतर-विभागीय तालमेल महत्वपूर्ण: हरपाल सिंह चीमा
- भगवंत मान सरकार कर्मचारियों की भलाई के लिए पूरी तरह समर्पित: हरपाल सिंह चीमा
चंडीगढ़, 13 फरवरी 2026: पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने आज यहां वित्त और शिक्षा विभागों को 180 ई.टी.टी. शिक्षक एसोसिएशन के मुद्दों के समाधान के लिए एक आपातकालीन संयुक्त बैठक बुलाने के निर्देश दिए। उन्होंने दोहराया कि भगवंत मान सरकार अपने कर्मचारियों की जायज मांगों को बिना किसी देरी के हल करने के लिए प्रतिबद्ध है। ये निर्देश पंजाब सिविल सचिवालय में हुई एक विस्तृत बैठक के बाद जारी किए गए, जहां यूनियन के प्रतिनिधियों ने अपना पक्ष पूरे विवरण के साथ पेश किया।
यूनियन के प्रतिनिधिमंडल की बातों को बड़े धैर्य और ध्यान से सुनने के बाद वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने कहा, "180 ई.टी.टी. शिक्षक एसोसिएशन द्वारा उठाए गए मुद्दे गंभीर हैं और समयबद्ध विचार के हकदार हैं। मैंने वित्त और शिक्षा विभागों को निर्देश दिया है कि वे एक आपातकालीन संयुक्त बैठक करें ताकि सभी जायज मांगों को बिना किसी और देरी के निपटाया जा सके।"
पंजाब के वित्त मंत्री ने कहा, "आज की बैठक के दौरान शिक्षकों को उनके सामने आने वाली प्रशासनिक और पेशेवर बाधाओं के बारे में बताने का पूरा मौका दिया गया। हम यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि उनकी मांगों के हर पहलू की बारीकी से जांच की जाए, जिसमें कानूनी और वित्तीय प्रभाव भी शामिल हैं, ताकि अंतिम फैसला कानूनी रूप से सही और वित्तीय रूप से व्यावहारिक हो।"
इस बैठक में वित्त विभाग के विशेष सचिव शौकत अहमद परे, एडिशनल एडवोकेट जनरल रमनदीप सिंह पंधेर, विशेष सचिव (पर्सोनल) उपकार सिंह और शिक्षा विभाग के संयुक्त सचिव हरप्रीत सिंह सहित प्रमुख सरकारी अधिकारी शामिल हुए और विस्तार से चर्चा की। वित्त मंत्री ने जोर देकर कहा, "एडवोकेट जनरल कार्यालय और वरिष्ठ वित्त अधिकारियों की विशेषज्ञता के कारण हम यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि एसोसिएशन के मुद्दे का सुचारू, पारदर्शी और स्थायी समाधान निकाला जा सके।"
इस संबंध में प्रक्रिया को तेज करने के लिए वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने विशेष रूप से शिक्षा विभाग को निर्देश दिया कि वह तुरंत मामले से संबंधित सभी विवरण वित्त विभाग के साथ साझा करे। उन्होंने कहा, "यह अंतर-विभागीय समन्वय एक सुखद और कानूनी फैसले तक पहुंचने के लिए अंतिम और महत्वपूर्ण कदम है। हमारे शिक्षकों के मुद्दों को हल करने में कोई भी प्रशासनिक अड़चन नहीं होनी चाहिए।"
सरकार के पक्ष को दोहराते हुए उन्होंने कहा, "मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में पंजाब सरकार अपने कर्मचारियों की भलाई के लिए पूरी तरह समर्पित है। रचनात्मक बातचीत और कानूनी समाधान हमेशा हमारी पहुंच रहेगी।"
बैठक के दौरान 180 ई.टी.टी. शिक्षक यूनियन की ओर से एसोसिएशन के अध्यक्ष कमल ठाकुर के साथ सोहन सिंह, गुरमुख सिंह और गौरव कांत ने प्रतिनिधित्व किया।
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*पंजाब मार्च-2026 की बोर्ड परीक्षाओं के लिए एंड-टू-एंड डिजिटल मूल्यांकन प्रणाली लागू करेगा: हरजोत सिंह बैंस*
*क पी.एस.ई.बी. द्वारा ऑन-स्क्रीन मार्किंग प्रोजेक्ट की शुरुआत, पूरी तरह डिजिटल मूल्यांकन अपनाने वाले अग्रणी राज्यों में शामिल हुआ पंजाब: हरजोत सिंह बैंस*
*क 23,000 उत्तर पुस्तिकाओं का सफल मूल्यांकन, ऑन-स्क्रीन मार्किंग प्रणाली इसी साल मैट्रिक परीक्षाओं में लागू होगी*
*क क्यू.आर कोड वाली उत्तर पुस्तिकाओं और ऑटोमेटेड कुल-जोड़ से परिणाम होंगे निष्पक्ष एवं तेज: बैंस*
*क ऑन-स्क्रीन मार्किंग ने शिक्षा क्षेत्र में पारदर्शिता और कुशलता की ओर पंजाब सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई: डॉ. अमरपाल सिंह*
चंडीगढ़, 13 फरवरी: पंजाब के शिक्षा मंत्री स. हरजोत सिंह बैंस ने बताया कि पंजाब सरकार मार्च-2026 की बोर्ड परीक्षाओं के लिए मूल्यांकन प्रक्रिया में बड़ा बदलाव लाने जा रही है। पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड द्वारा ऑन-स्क्रीन मार्किंग प्रणाली लागू करने की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। उन्होंने कहा कि इस कदम से पंजाब देश के उन अग्रणी राज्यों में शामिल हो जाएगा, जहां पूरी तरह डिजिटल मूल्यांकन प्रणाली अपनाई जा रही है।
इस प्रोजेक्ट के बारे में जानकारी देते हुए स. हरजोत सिंह बैंस ने बताया कि इस प्रणाली से शिक्षक स्कैन की गई उत्तर पुस्तिकाओं का कंप्यूटर पर मूल्यांकन कर सकेंगे और सॉफ्टवेयर के माध्यम से अंकों की गणना अपने आप होगी, जिससे परिणाम तेज और सही तरीके से जारी होंगे।
शिक्षा मंत्री ने बताया कि इस प्रणाली ने तुरंत और सटीक मूल्यांकन करके अपनी योग्यता पहले ही साबित कर दी है। उन्होंने कहा कि सितंबर 2025 की सप्लीमेंट्री परीक्षा के दौरान 23,000 उत्तर पुस्तिकाओं का डिजिटल मूल्यांकन सफलतापूर्वक किया गया है।
उन्होंने बताया कि इस सफल प्रयोग से उत्साहित होकर पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड इसी साल मैट्रिक परीक्षा के एक विषय में ऑन-स्क्रीन मार्किंग प्रणाली लागू करेगा और आने वाले सत्रों में इसका विस्तार किया जाएगा।
तकनीकी पक्षों के बारे में जानकारी देते हुए उन्होंने बताया कि नई डिजाइन की गई उत्तर पुस्तिका के हर पेज पर एक विशिष्ट क्यू.आर. कोड है, जिससे सुरक्षित स्कैनिंग और निर्विघ्न डिजिटल प्रोसेसिंग संभव होगी। शिक्षा मंत्री ने कहा कि ऑन-स्क्रीन मार्किंग प्रणाली के तहत उत्तर पुस्तिकाओं को एक सुरक्षित माहौल में स्कैन किया जाता है और एक केंद्रीकृत डैशबोर्ड पर अपलोड किया जाता है, जहां परीक्षार्थी जोड़, संरचनात्मक मार्किंग स्कीमों और रीयल-टाइम निगरानी के साथ उनका ऑनलाइन मूल्यांकन करते हैं।
उन्होंने कहा, "यह सिर्फ एक अपग्रेड नहीं है, यह हमारे बच्चों के भविष्य के मूल्यांकन का पूर्ण बदलाव है।" स. बैंस ने कहा कि क्यू.आर कोड वाली शीटों और डिजिटल मूल्यांकन से निष्पक्षता, तेजी और सटीकता सुनिश्चित बनेगी।
बोर्ड के चेयरमैन डॉ. अमरपाल सिंह ने इस पहल के पीछे विद्यार्थियों को प्राथमिकता देने के दृष्टिकोण पर जोर दिया। उन्होंने कहा, "यह पहल मुख्यमंत्री स. भगवंत सिंह मान की अगुवाई वाली पंजाब सरकार की ईमानदारी और कुशलता के प्रति प्रतिबद्धता को और मजबूत करेगी। विद्यार्थियों को परिणाम में लगने वाले समय में कमी, मानकीय मार्किंग और मूल्यांकन में पारदर्शिता का लाभ मिलेगा। हमारे शिक्षक भी डिजिटल इंटरफेस के साथ काम करेंगे, जो एकरूपता और योजनाबद्ध ढंग से रिकॉर्ड रखने को सुनिश्चित बनाता है।"
उन्होंने कहा कि बोर्ड ने मार्च 2026 में ऑन-स्क्रीन मार्किंग सिस्टम की शुरुआत संबंधी सभी तकनीकी और प्रबंधकीय तैयारियां पूरी कर ली हैं, जो पंजाब सरकार की अपने विद्यार्थियों के सुनहरे भविष्य के प्रति प्रतिबद्धता की पुष्टि करती है।
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‘साढ़े बुजुर्ग साढां मान' मुहिम के अंतर्गत जि़ला स्तरीय सेहत कैंपों में लगभग 9000 सीनियर नागरिक हुए रजिस्टर्ड: डा.बलजीत कौर
भगवंत मान सरकार ने राज्य कार्य योजना के अंतर्गत सीनियर नागरिकों के स्वास्थ्य के लिए 7.86 करोड़ रुपए किए अलाट: डा. बलजीत कौर
स्वास्थ्य जांच से ले कर सहायक उपकरण मुहैया करवाना भगवंत मान सरकार का बुज़ुर्गों के मान-सम्मान और देखभाल को यकीनी बनाती है: डा.बलजीत कौर
डा.बलजीत कौर ने राज्य के परिवारों को अपने बुज़ुर्गों को स्वास्थ्य कैंप के लाभ प्राप्त करना यकीनी बनाने की अपील
मान सरकार सीनियर नागरिकों की सेहत, मान और अधिकारों प्रति वचनबद्ध: डा.बलजीत कौर
चंडीगढ़, 13 फरवरी 2026: मुख्य मंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में पंजाब सरकार सीनियर नागरिकों के स्वास्थ्य, सुरक्षा और सम्मान को यकीनी बनाने के उदेश्य से ज़मीनी स्तर पर किए जा रहे प्रयासों के द्वारा उनकी भलाई प्रति अपनी वचनबद्धता को लगातार ओर मज़बूत कर रही है।‘साढ़े बुजुर्ग साढ़ा मान' मुहिम सूबा स्तरीय पहुंच के विवरन सांझा करते सामाजिक सुरक्षा, महिला और बाल विकास मंत्री डा.बलजीत कौर ने कहा कि यह पहलकदमी पंजाब की बुज़ुर्ग आबादी का सम्मान और सहायता करने प्रति राज्य सरकार की जन- समर्थकीय पहुंच को दर्शाती है।
मंत्री डा.बलजीत कौर ने कहा कि मुख्य मंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में पंजाब सरकार सीनियर नागरिकों को समाज की कीमती संपत्ति मानती है और उनके सेहत, सुरक्षा और मान- सम्मान को यकीनी बनाने के लिए ज़मीनी स्तर पर प्रभावी और लोक- केंद्रित कदम उठा रही है।।‘साढ़े बुजुर्ग साढ़ा मान'के अंतर्गत, अब तक लगभग 9,000 सीनियर नागरिक रजिस्टर्ड हुए है और उनको राज्य भर में लगाए गए जि़ला-अनुसार स्वास्थ्य कैंपों से सीधे तौर पर लाभ मिला है।
पंजाब के सामाजिक सुरक्षा और महिला एंव बाल विकास मंत्री ने मुहिम के प्रभावी नतीजों को उजागर करते हुए विस्थारित आंकड़े सांझा किए। डा. बलजीत कौर ने बताया कि रजिस्टर्ड लाभपातरियों में से 2,268 सीनियर नागरिकों ने आम स्वास्थ्य जांच, 1 241 ने आरथोपीडिक और 2 607 सीनियर नागरिकों ने आंखों की जांच करवाई। इसके इलावा 631 सीनियर नागरिकों ने योगा सैशन में हिस्सा लिया, 551 ने होम्योपैथिक इलाज करवाया और 791 ने आयुर्वैदिक स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ उठाया। यह आंकड़े पंजाब भर में मुहिम की व्यापक पहुंच और प्रभावी लागूकरन को दर्शाते है।
अन्य भलाई सेवाओं के बारे में विस्तार में बताते कैबिनेट मंत्री ने बताया कि ए.एल.आई.एम.सी.ओ. स्कीम के अंतर्गत, 243 सीनियर नागरिक रजिस्टर किए गए थे, जिनमें से 89 को व्हीलचेयर, ऐनकों और सुनने वाली मशीनों जैसे सहायक उपकरण प्रदान किए गए थे। इसके इलावा कैंपों दौरान 233 सीनियर नागरिकों के बुढापा पैंशन फार्म भरने सम्बन्धित प्रक्रिया की गई और 306 लाभपातरियों को सीनियर सिटीजन कार्ड जारी किए गए।
जि़ला अनुसार विवरण देते हुए मंत्री डा. बलजीत कौर ने बताया कि श्री अमृतसर साहिब, बरनाला, बठिंडा, फतेहगढ़ साहिब, फिऱोज़पुर, फाजिल्का, होश्यिरपुर, लुधियाना, श्री मुक्तसर साहिब, मोगा, मानसा, पटियाला, रूपनगर और एस.ए.एस. नगर जिलों में पहले ही सीनियर नागरिकों के लिए सेहत जांच कैंप सफलतापूर्वक लगाए जा चुके है। जि़ला अनुसार स्वास्थ्य जांच कैंप पड़ाव अनुसार ढंग के साथ लगाए जा रहे है और फरवरी महीने दौरान पंजाब के सभी जिलों में यह कैंप लगाए जाएंगे।
उन्होंने आगे बताया कि इन स्वास्थ्य कैंपों में बुज़ुर्ग नागरिकों की अधिक से अधिक भागीदारी को यकीनी बनाने के लिए फरीदकोट, गुरदासपुर, पठानकोट, जालंधर, कपूरथला, मलेरकोटला, शहीद भगत सिंह नगर, संगरूर और तरनतारन जिलों में भी कैंप लगाए जाएंगे। इन कैंपों को जल्द से जल्द लगाने के लिए सभी ज़रुरी प्रबंध किए जा रहे है।
इस पहलकदमी के वित्तीय फंडों के बारे में बताते हुए डा. बलजीत कौर ने बताया कि ‘साढ़े बुजुर्ग साढ़ा मान' मुहिम के अंतर्गत, सीनियर सिटीजऩज़ के लिए राज्य कार्य योजना के अंतर्गत जि़ला स्तरीय सेहत कैंपों और सबंधित गतिविधियों के लिए 7. 86 करोड़ रुपए के बजट का उपबंध किया गया है। यह कैंप न केवल डाक्टरी जांच प्रदान करते हैं बल्कि मोतियाबिन्द सजऱ्री, सहायक उपकरणों की मुफ़्त बांट, बुढापा पैन्शन फार्म भरने, सीनियर सिटिजन कार्ड जारी करने और सीनियर नागरिकों के कानूनी और सामाजिक अधिकारों बारे जागरूकता की सुविधा भी प्रदान करते हैं।
बुज़ुर्गों की देखभाल के भावनात्मक और सामाजिक महत्व को उजागर करते हुए उन्होंने कहा कि बुज़ुर्ग नागरिक समाज की जीवंत विरासत हैं, जिनके अनुभव सीध और कुर्बानियों ने युवा पीढ़ीयों को आकार दिया है। मान सरकार का मानना है कि बुज़ुर्गों की देखभाल करना केवल एक जि़म्मेदारी नहीं है, बल्कि एक नैतिक फर्ज है और 'हमारे बुज़ुर्ग, हमारा मान' जैसी पहलकदमियां सरकार के इस संकल्प को दर्शाती है कि हर सीनियर नागरिक देखभाल और सम्मान के साथ अपना जीवन जी सके।
राज्य भर के परिवारों से अपील करते मंत्री डा. बलजीत कौर ने कहा कि मैं परिवारों से अपील करती हूं कि वह अपने बुज़ुर्गों को इन सेहत कैंपों में लेकर आए, जिससे अधिक से अधिक सीनियर नागरिक पंजाब सरकार की भलाई पहलकदमियों का लाभ उठा सकें। बताने योग्य है कि सीनियर नागरिकों की सेहत और तंदरुस्ती को यकीनी बनाना भगवंत मान सरकार की जनतक सेवा प्रति वचनबद्धता को दर्शाता है।